पैर में मोच (Sprain) लगना एक आम समस्या है, जो अक्सर गलत कदम रखने, फिसलने या खेलते समय अचानक झटका लगने के कारण हो जाती है। कई बार लोग इसे सामान्य चोट समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन सही समय पर इलाज न मिलने पर यह दर्द और सूजन को बढ़ा सकता है।
चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार, पैर में मोच आने पर सबसे पहले RICE थेरेपी अपनानी चाहिए। RICE का मतलब है Rest (आराम), Ice (बर्फ लगाना), Compression (पट्टी बांधना) और Elevation (पैर को ऊपर रखना)। यह प्राथमिक उपचार सूजन और दर्द को कम करने में बेहद असरदार माना जाता है।
RICE थेरेपी कैसे काम करती है?
सबसे पहले चोट लगे हुए पैर को आराम देना जरूरी है ताकि उसे और नुकसान न पहुंचे। इसके बाद बर्फ लगाने से सूजन और दर्द में राहत मिलती है। हल्की पट्टी बांधने से सपोर्ट मिलता है और पैर को ऊंचा रखने से सूजन कम होती है। यह प्रक्रिया शुरुआती 24 से 48 घंटे में सबसे ज्यादा लाभ देती है।
इन 7 संकेतों पर तुरंत डॉक्टर के पास जाएं
हालांकि कई मामलों में मोच घरेलू इलाज से ठीक हो जाती है, लेकिन कुछ लक्षण गंभीर स्थिति की ओर इशारा करते हैं। अगर इनमें से कोई भी संकेत दिखे तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए—
- पैर में असहनीय दर्द जो लगातार बढ़ रहा हो
- सूजन बहुत ज्यादा हो जाना और कम न होना
- पैर पर खड़ा न हो पाना या वजन न डाल पाना
- चोट वाली जगह पर नीला या काला पड़ना
- जोड़ में असामान्य टेढ़ापन या विकृति दिखाई देना
- सुन्नपन या झुनझुनी महसूस होना
- 48 घंटे बाद भी दर्द और सूजन में कोई सुधार न होना
किन 5 गलतियों से बचना जरूरी है
विशेषज्ञों के अनुसार, मोच के दौरान कुछ आम गलतियां स्थिति को और बिगाड़ सकती हैं। जैसे— गर्म पानी से सिकाई करना तुरंत, बिना जरूरत पैर पर जोर डालना, दर्द निवारक दवाओं का गलत उपयोग, टाइट या गलत तरीके से पट्टी बांधना और चोट को नजरअंदाज करना।
डॉक्टरों का कहना है कि सही समय पर इलाज और सावधानी से ज्यादातर मोच के मामले कुछ दिनों में ठीक हो जाते हैं। लेकिन लापरवाही करने पर यह लंबे समय तक दर्द या कमजोरी का कारण बन सकता है।
फिलहाल, लोगों को सलाह दी जाती है कि किसी भी खेल या शारीरिक गतिविधि के दौरान सावधानी बरतें और चोट लगने पर तुरंत सही प्राथमिक उपचार अपनाएं।








