अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार (2 नवंबर) को सभी संबंधित याचिकाओं का निपटारा कर दिया। सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि विशेष जांच दल (एसआईटी) इस मामले में अयोध्या के न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष आरोपपत्र दाखिल कर चुका है। इसके बाद शीर्ष अदालत ने मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया को लेकर अपना रुख स्पष्ट किया।
सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल ने सुप्रीम कोर्ट को जानकारी दी कि राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी के मामले की जांच पूरी होने के बाद एसआईटी ने निचली अदालत में आरोपपत्र पेश कर दिया है। इस जानकारी पर संज्ञान लेते हुए अदालत ने कहा कि अब मामले की सुनवाई संबंधित निचली अदालत में होगी।
सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को यह छूट भी दी कि वे मुकदमे की कार्यवाही के दौरान शिकायतकर्ता के रूप में ट्रायल कोर्ट की सहायता कर सकते हैं। यानी वे मामले से जुड़े तथ्यों और अपनी शिकायतों को अदालत के सामने रखने में सहयोग कर सकेंगे।
इसके साथ ही शीर्ष अदालत ने रिट याचिकाकर्ताओं को अयोध्या की स्थानीय अदालत में चलने वाली सुनवाई में सहायता करने की अनुमति दे दी। एसआईटी की ओर से आरोपपत्र दाखिल किए जाने और आगे की सुनवाई का मंच स्पष्ट होने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले से जुड़ी सभी याचिकाओं का निपटारा कर दिया।








