ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के निधन के बाद पूरे देश में शोक का माहौल है। लाखों लोग उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए सड़कों पर उमड़ रहे हैं, जबकि कई दिनों तक चलने वाले अंतिम संस्कार कार्यक्रमों की तैयारियां जोरों पर हैं। इस बीच सबसे बड़ा सवाल यह बना हुआ है कि क्या अली खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई अपने पिता के अंतिम संस्कार में सार्वजनिक रूप से शामिल होंगे या सुरक्षा कारणों से दूर रहेंगे? इस सवाल ने ईरान ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।

करबला से तेहरान तक कड़ी सुरक्षा
ईरान सरकार ने अंतिम संस्कार को लेकर अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था की है। तेहरान समेत कई प्रमुख शहरों में सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। धार्मिक स्थलों, सरकारी इमारतों और अंतिम यात्रा के पूरे मार्ग पर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। इराक के पवित्र शहर करबला से जुड़े धार्मिक आयोजनों पर भी विशेष नजर रखी जा रही है, क्योंकि बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना है।
मोजतबा खामेनेई की मौजूदगी पर सस्पेंस
मोजतबा खामेनेई लंबे समय से सार्वजनिक जीवन में बेहद कम दिखाई देते हैं। हालांकि उन्हें ईरान के सबसे प्रभावशाली लोगों में गिना जाता है और कई राजनीतिक विश्लेषक उन्हें सत्ता के संभावित उत्तराधिकारियों में भी शामिल मानते हैं। लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं है कि वह अपने पिता के अंतिम संस्कार में सार्वजनिक रूप से शामिल होंगे या नहीं।
कुछ अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि सुरक्षा एजेंसियों ने मोजतबा की सार्वजनिक मौजूदगी को लेकर गंभीर चिंता जताई है। आशंका है कि इतनी बड़ी भीड़ और क्षेत्रीय तनाव के बीच उनकी सुरक्षा को खतरा हो सकता है। इसी वजह से उनके कार्यक्रम को पूरी तरह गोपनीय रखा गया है।

उत्तराधिकार की राजनीति भी चर्चा में
अली खामेनेई के निधन के बाद ईरान में नए सर्वोच्च नेता को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। मोजतबा खामेनेई का नाम संभावित दावेदारों में लिया जा रहा है, हालांकि ईरान के संविधान के अनुसार सर्वोच्च नेता का चयन विशेषज्ञों की परिषद (Assembly of Experts) करती है। इसके बावजूद राजनीतिक हलकों में माना जा रहा है कि अंतिम संस्कार में उनकी मौजूदगी या अनुपस्थिति को भविष्य की सत्ता की राजनीति के संकेत के रूप में देखा जाएगा।
दुनिया की नजर तेहरान पर
खामेनेई के अंतिम संस्कार में कई देशों के प्रतिनिधियों, धार्मिक नेताओं और ईरान समर्थक संगठनों के शामिल होने की संभावना है। ऐसे में पूरी दुनिया की नजर तेहरान पर टिकी हुई है। पश्चिम एशिया में जारी तनाव और हालिया घटनाओं के मद्देनजर सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचने के लिए सतर्क हैं।
क्या होगा अंतिम फैसला?
फिलहाल ईरानी प्रशासन की ओर से मोजतबा खामेनेई की मौजूदगी को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। यदि वह सार्वजनिक रूप से अंतिम संस्कार में शामिल होते हैं, तो यह उनकी अब तक की सबसे महत्वपूर्ण सार्वजनिक उपस्थिति मानी जाएगी। वहीं यदि सुरक्षा कारणों से वह कार्यक्रम से दूर रहते हैं, तो इससे उनके भविष्य और ईरान की सत्ता को लेकर अटकलें और तेज हो सकती हैं।
आने वाले घंटों में यह स्पष्ट होगा कि मोजतबा खामेनेई अपने पिता को अंतिम विदाई देने के लिए जनता के बीच नजर आते हैं या नहीं। फिलहाल पूरे ईरान में शोक, कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक सस्पेंस का माहौल बना हुआ है।








