दलीप ट्रॉफी के फाइनल मुकाबले में बल्लेबाजों ने जमकर रन बरसाए हैं। मैच में कुल स्कोर 1000 रन के पार पहुंच चुका है और एक टीम की बढ़त 700 रन के करीब पहुंच गई है। ऐसे में मुकाबला अब बेहद एकतरफा नजर आ रहा है।
ईशान किशन की अगुवाई वाली टीम ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए विपक्षी टीम पर बड़ा दबाव बना दिया है। लगातार रन बनने के कारण अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि ईशान किशन पारी कब घोषित करेंगे और विपक्षी टीम को लक्ष्य का पीछा करने के लिए कितना समय देंगे।
डिक्लेरेशन पर टिकी नजर
इतनी बड़ी बढ़त हासिल करने के बाद कप्तान ईशान किशन के सामने सबसे अहम फैसला पारी घोषित करने का होगा। डिक्लेरेशन का समय ऐसा रखना होगा कि उनकी टीम को विपक्षी बल्लेबाजों को आउट करने के लिए पर्याप्त समय मिल सके।
अगर कप्तान जल्द पारी घोषित करते हैं तो विपक्षी टीम को बड़ा लक्ष्य देकर दबाव में लाया जा सकता है। वहीं, कुछ और रन जोड़ने का फैसला किया जाता है तो स्कोर और बढ़ सकता है, लेकिन विकेट लेने के लिए उपलब्ध समय कम हो सकता है।
फाइनल में रिकॉर्डतोड़ बल्लेबाजी
मुकाबले में बल्लेबाजों ने गेंदबाजों पर पूरी तरह दबदबा बनाए रखा है। 1000 से ज्यादा रन का आंकड़ा पार होना बताता है कि पिच बल्लेबाजी के लिए काफी मददगार रही है। अब मैच का रोमांच इस बात पर निर्भर करेगा कि ईशान किशन कब पारी घोषित करते हैं और उनकी टीम विपक्षी बल्लेबाजों के सामने किस तरह गेंदबाजी करती है।
फैंस की नजरें अब ईशान किशन के डिक्लेरेशन के फैसले पर टिकी हैं। अगर टीम समय रहते विपक्षी बल्लेबाजों को समेटने में कामयाब रहती है, तो दलीप ट्रॉफी फाइनल का नतीजा जल्द सामने आ सकता है।








