जयपुर। राजस्थान के कैबिनेट मंत्री किरोड़ी लाल मीणा के स्वाइन फ्लू पॉजिटिव पाए जाने के बाद उन्हें अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया गया है। उनकी तबीयत का हाल जानने के लिए मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर अस्पताल पहुंचे। हालांकि, संक्रमण को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें ICU के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी। इसके बाद खींवसर ICU के बाहर से ही किरोड़ी लाल मीणा के स्वास्थ्य की जानकारी लेकर लौटे।
ICU के गेट पर डॉक्टरों ने रोका
जानकारी के अनुसार, गजेंद्र सिंह खींवसर किरोड़ी लाल मीणा से व्यक्तिगत रूप से मिलने के लिए अस्पताल पहुंचे थे। वह ICU तक गए, लेकिन वहां मौजूद डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया।
डॉक्टरों ने संक्रमण से बचाव के लिए ICU में अनावश्यक आवाजाही नहीं करने की सलाह दी। इसके बाद खींवसर ने ICU के बाहर रहकर ही डॉक्टरों से मीणा की स्वास्थ्य स्थिति के बारे में जानकारी ली।
डॉक्टरों से जाना स्वास्थ्य का अपडेट
मंत्री खींवसर ने अस्पताल में मौजूद चिकित्सकों से किरोड़ी लाल मीणा के स्वास्थ्य और उपचार को लेकर जानकारी ली। डॉक्टरों ने उन्हें इलाज की स्थिति और स्वास्थ्य से जुड़े अपडेट से अवगत कराया।
ICU में भर्ती मरीजों के लिए संक्रमण नियंत्रण बेहद महत्वपूर्ण होता है। ऐसे में डॉक्टरों की अनुमति के बिना किसी बाहरी व्यक्ति को ICU में प्रवेश नहीं दिया जाता।
स्वाइन फ्लू की पुष्टि के बाद अस्पताल में भर्ती
किरोड़ी लाल मीणा के स्वाइन फ्लू पॉजिटिव होने की जानकारी सामने आने के बाद उन्हें चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है। अस्पताल में डॉक्टरों की टीम उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आवश्यक उपचार दिया जा रहा है।
स्वाइन फ्लू, जिसे इन्फ्लुएंजा A (H1N1) भी कहा जाता है, एक संक्रामक श्वसन संक्रमण है। इसके संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए अस्पतालों में मरीजों के आसपास अतिरिक्त सावधानी बरती जाती है।
संक्रमण को देखते हुए सावधानी
चिकित्सकों का कहना है कि ऐसे मामलों में मरीज की देखभाल के साथ-साथ संक्रमण नियंत्रण भी जरूरी होता है। अस्पताल के ICU में गंभीर या विशेष निगरानी वाले मरीजों का इलाज किया जाता है, इसलिए वहां आने-जाने वाले लोगों की संख्या सीमित रखी जाती है।
यही वजह रही कि मंत्री खींवसर को भी ICU के अंदर जाने की अनुमति नहीं मिली। उन्होंने डॉक्टरों से बाहर से ही स्वास्थ्य संबंधी जानकारी हासिल की।
राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा
किरोड़ी लाल मीणा के अस्पताल में भर्ती होने की खबर के बाद राजस्थान के राजनीतिक गलियारों में भी उनके स्वास्थ्य को लेकर चर्चा है। उनके समर्थक और परिचित उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।
मंत्री खींवसर का अस्पताल पहुंचना भी इसी सिलसिले में देखा जा रहा है। हालांकि, डॉक्टरों की सलाह के चलते उन्होंने ICU के अंदर जाकर मुलाकात करने के बजाय बाहर से ही स्थिति की जानकारी ली।
मरीज की सुरक्षा को प्राथमिकता
अस्पताल प्रशासन के लिए ऐसे मामलों में मरीज की सुरक्षा और संक्रमण नियंत्रण सर्वोच्च प्राथमिकता होती है। ICU में मरीज की प्रतिरोधक क्षमता, बीमारी की स्थिति और संक्रमण के जोखिम को देखते हुए विजिटर्स की एंट्री पर नियम लागू किए जाते हैं।
इस मामले में भी डॉक्टरों ने एहतियात के तौर पर मंत्री खींवसर को अंदर जाने से रोक दिया।
फिलहाल किरोड़ी लाल मीणा चिकित्सकीय निगरानी में हैं। मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने ICU के बाहर से ही डॉक्टरों से उनका स्वास्थ्य अपडेट लिया। डॉक्टरों की ओर से दी गई सलाह के अनुसार ICU में अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की गई है।








