नई दिल्ली: दिल्ली-NCR में सोमवार को हुई तेज बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया। कई इलाकों में सड़कों पर पानी भर गया, जिसके चलते यातायात की रफ्तार थम गई और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश का असर सड़क यातायात के साथ-साथ हवाई सेवाओं पर भी पड़ा। दिल्ली आने वाली 15 उड़ानों को खराब मौसम के कारण डायवर्ट करना पड़ा। इनमें दो अंतरराष्ट्रीय उड़ानें भी शामिल थीं और 11 उड़ानों को जयपुर की ओर मोड़ा गया।
दिल्ली-NCR में सड़कें बनीं तालाब
सुबह से हुई तेज बारिश के बाद दिल्ली के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई। संगम विहार में लोग घुटनों तक पानी से होकर गुजरते नजर आए, जबकि जखीरा इलाके में पानी काफी ऊपर तक भर गया। वातिका चौक समेत कई जगहों पर सड़कें पानी से लबालब हो गईं। न्यू अशोक नगर मेट्रो स्टेशन, शिवाजी स्टेडियम और कनॉट प्लेस जैसे प्रमुख इलाकों में भी जलभराव की खबर सामने आई।
जलभराव के कारण कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की रफ्तार बेहद धीमी हो गई। दिल्ली के अलावा गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी बारिश का असर देखने को मिला। दिल्ली-जयपुर हाईवे और NH-48 पर ट्रैफिक प्रभावित हुआ।
एयरपोर्ट पर भी बारिश का असर
भारी बारिश और गरज-चमक का असर दिल्ली एयरपोर्ट के संचालन पर भी पड़ा। खराब मौसम के कारण दिल्ली आने वाली 15 उड़ानों को दूसरे एयरपोर्ट की ओर डायवर्ट किया गया। रिपोर्टों के अनुसार, इनमें 11 उड़ानों को जयपुर भेजा गया। एयर इंडिया, इंडिगो और स्पाइसजेट समेत कई एयरलाइंस ने यात्रियों को फ्लाइट स्टेटस चेक करने और एयरपोर्ट पहुंचने के लिए अतिरिक्त समय रखने की सलाह दी।
इससे यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम साफ होने और संचालन सामान्य होने तक उड़ानों के समय में बदलाव की स्थिति बनी रही।
यूपी में भी बिगड़े हालात
दिल्ली के साथ उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भी बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर ने चिंता बढ़ाई है। वाराणसी में गंगा का जलस्तर चेतावनी स्तर के करीब पहुंच गया है और शहर के सभी 86 घाट जलमग्न होने की रिपोर्ट सामने आई है। इससे घाटों पर होने वाली सामान्य गतिविधियां और आवाजाही प्रभावित हुई है।
निचले इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए बढ़ता जलस्तर चिंता का कारण बना हुआ है। प्रशासन की ओर से नदी के आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी जा रही है।
मध्य प्रदेश में भी बारिश का असर
मध्य प्रदेश के कई इलाकों में भी लगातार बारिश के कारण नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ा है। भिंड जिले में बारिश के बाद एक स्थानीय नदी के उफान पर आने से ग्रामीण इलाकों में आवाजाही मुश्किल हुई। हालात का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कुछ सरकारी स्कूलों तक पहुंचने के लिए शिक्षकों को ट्यूब का सहारा लेना पड़ा।
मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है। ऐसे में निचले इलाकों और जलभराव वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
मौसम विभाग ने कई राज्यों के लिए जारी किया अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 24 अगस्त को कई राज्यों में भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई है। मध्य प्रदेश, ओडिशा और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका बताई गई है। कई इलाकों में बिजली गिरने और तेज हवाओं की भी संभावना है।
दिल्ली-NCR में भी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना के बीच प्रशासन और स्थानीय एजेंसियों के सामने जलभराव वाले क्षेत्रों में पानी निकालने और ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारु रखने की चुनौती है।
लोगों से सावधानी बरतने की अपील
लगातार बारिश और जलभराव के बीच लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी जा रही है। खासकर निचले इलाकों, नदी-नालों और जलभराव वाली सड़कों पर अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
फिलहाल दिल्ली-NCR से लेकर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश तक बारिश ने प्रशासन के लिए चुनौती बढ़ा दी है। एक तरफ दिल्ली में सड़क और हवाई यातायात प्रभावित हुआ है, वहीं यूपी और मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में बढ़ते जलस्तर ने बाढ़ जैसे हालात की चिंता पैदा कर दी है। आने वाले घंटों में बारिश की स्थिति पर प्रशासन और मौसम विभाग की नजर बनी हुई है।








