इंदौर। रहेजा सोलर फूड प्रोसेसिंग ने जिम्मी मगिलिगन स्मृति सस्टेनेबल डेवलपमेंट सप्ताह के दौरान “सस्टेनेबल खेती के लिए सोलर फूड प्रोसेसिंग” विषय पर एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया।
कार्यशाला में रहेजा सोलर फूड प्रोसेसिंग की डायरेक्टर श्रीमती बबीता रहेजा ने सभी अतिथियों और किसानों का स्वागत करते हुए कंपनी के विजन पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि रहेजा सोलर किसानों को सोलर ड्रायर तकनीक अपनाने के लिए प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और मार्केट कनेक्शन उपलब्ध कराकर उनकी आय बढ़ाने, पोस्ट-हार्वेस्ट लॉस कम करने और सस्टेनेबल बिजनेस मॉडल विकसित करने में सक्रिय सहयोग कर रहा है।

कार्यशाला में किसान, एग्री-एंटरप्रेन्योर्स और रिन्यूएबल एनर्जी में रुचि रखने वाले विभिन्न स्टेकहोल्डर्स ने भाग लिया। सत्र के दौरान फसल कटाई के बाद होने वाले नुकसान को कम करने, उत्पाद की शेल्फ लाइफ बढ़ाने और वैल्यू एडिशन के माध्यम से किसानों को बेहतर मूल्य दिलाने में सोलर ड्रायर तकनीक की बढ़ती भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई।
आदिवासी इलाकों में सोलर टेक्नोलॉजी की क्रांति
जिम्मी मगिलिगन सेंटर फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट की डायरेक्टर पद्मश्री डॉ. (श्रीमती) जनक पलटा मगिलिगन ने अपने 4 दशक लंबे अनुभव को साझा करते हुए बताया कि सोलर आधारित समाधानों ने आदिवासी परिवारों की आजीविका को कैसे बेहतर बनाया और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा दिया।

उन्होंने बताया कि 25 साल पहले जब कोंकण क्षेत्र में टमाटर जैसी फसलों के न बिक पाने से किसानों में निराशा और आत्महत्या का माहौल था, तब उनके पति जिम्मी मगिलिगन ने पहला सोलर ड्रायर विकसित किया। इससे किसानों की आमदनी कई गुना बढ़ी। जिम्मी मगिलिगन को ग्रामीण समुदायों के लिए वैकल्पिक ऊर्जा के योगदान के लिए महारानी एलिजाबेथ द्वितीय द्वारा ‘ऑर्डर ऑफ ब्रिटिश एम्पायर’ से सम्मानित किया गया था।
डॉ. जनक पलटा मगिलिगन ने सोलर कुकर के कार्यप्रणाली के बारे में भी विस्तार से बताया और मजबूत ग्रामीण समुदाय निर्माण में सस्टेनेबिलिटी की अहमियत पर जोर दिया।
आधुनिक खेती और पर्यावरण संरक्षण
रिटायर्ड बॉटानिस्ट डॉ. जयश्री सिक्का ने खेती में हो रहे नवाचारों पर चर्चा की और सस्टेनेबल तरीकों को अपनाने की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने किसानों को आधुनिक तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित किया, जो न सिर्फ उत्पादकता बढ़ाती हैं बल्कि पर्यावरणीय संसाधनों की भी रक्षा करती हैं।
दोनों वक्ताओं ने सोलर फूड प्रोसेसिंग, सोलर ड्रायर इनोवेशन, इको-फ्रेंडली खेती और वैल्यू एडिशन के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने पर व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया।
सफल कार्यशाला
कार्यशाला में प्रतिभागियों को प्रैक्टिकल ज्ञान और क्रियान्वयन योग्य जानकारी मिली। रहेजा सोलर फूड प्रोसेसिंग ऐसी पहल जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे सोलर आधारित समाधानों और सस्टेनेबल खेती को बढ़ावा मिले और मजबूत कृषि पारिस्थितिकी तंत्र का विकास हो।
कार्यक्रम में विशेष अतिथि डॉ. सम्यक जैन, श्री कीर्ति कुमार सिक्का और कमर्शियल पायलट अहान सिक्का ने भी इस आयोजन की सराहना की।







