ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, व्यापार, वाणी और संवाद के कारक ग्रह बुध इस समय अपने मित्र ग्रह शुक्र की राशि तुला में वक्री अवस्था में विराजमान हैं। 26 सितंबर को तुला राशि में प्रवेश करने वाले बुध 24 अक्टूबर से उलटी चाल चल रहे हैं और इस स्थिति में वे 2 दिसंबर तक यानी अगले 37 दिनों तक एक्टिव रहेंगे। वैदिक ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, बुध और शुक्र के बीच मित्रता का संबंध होने के कारण तुला राशि में वक्री बुध का प्रभाव नकारात्मक नहीं बल्कि कई राशियों के लिए बेहद सकारात्मक परिणाम लेकर आया है। इस दौरान मिथुन, सिंह, कन्या, तुला, धनु और मकर राशि के जातकों को विशेष लाभ मिलने की संभावना है।
मिथुन राशि: इस अवधि में नौकरीपेशा जातकों को पदोन्नति या वेतन वृद्धि का लाभ मिल सकता है। सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए यह समय अनुकूल है। आपके द्वारा लिए गए निर्णय सटीक साबित होंगे और आर्थिक स्थिति में सुधार के स्पष्ट संकेत हैं।
सिंह राशि: सिंह राशि के जातकों की सामाजिक मान-प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा और नए कार्यों की शुरुआत के लिए यह समय बहुत ही शुभ है। व्यापारियों को अपने कारोबार का विस्तार करने का अवसर मिलेगा, साथ ही अटका हुआ धन भी वापस मिल सकता है।
कन्या राशि: इस राशि के लोगों को भाग्य का पूरा साथ मिलेगा जिससे कम मेहनत में भी बेहतरीन परिणाम हासिल होंगे। विद्यार्थियों के लिए यह समय बहुत ही फलदायी है। पैतृक संपत्ति से लाभ मिलने के योग हैं और पुराने निवेश से भी अच्छा रिटर्न प्राप्त हो सकता है।
तुला राशि: चूंकि बुध इसी राशि में वक्री हैं, इसलिए तुला राशि के जातकों की आय में जबरदस्त बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। आप अपने किसी बड़े सपने को पूरा करने में सफल रहेंगे। समाज के प्रभावशाली और प्रतिष्ठित लोगों से मुलाकात होगी, जिसका सीधा फायदा आपके करियर और व्यापार को मिलेगा।
धनु राशि: इस दौरान आपको सरकारी तंत्र और प्रशासनिक कार्यों से लाभ मिल सकता है। भूमि, भवन और वाहन खरीदने के योग बन रहे हैं। कार्यक्षेत्र में आपका प्रभाव बढ़ेगा और उच्च अधिकारी आपके काम की सराहना करेंगे, जिससे आपको कार्यस्थल पर बड़ी पहचान मिल सकती है।
मकर राशि: मकर राशि के जातकों को अपने शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी। आपके आत्मविश्वास में वृद्धि होगी और आपकी वाणी का प्रभाव दूसरों पर पड़ेगा। अगर आप नौकरी बदलने का विचार कर रहे हैं, तो यह समय बेहद उपयुक्त है। इसके अलावा, आकस्मिक धन लाभ से आर्थिक मजबूती आएगी।








