Explore

Search

July 22, 2026 8:47 am

मत्स्य विभाग के निदेशक ने किया राजस्थान संपर्क पोर्टल (181) का निरीक्षण, प्रदेश के लगभग 2,500 से 3,000 बांधों में मत्स्य क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनाएं

WhatsApp
Facebook
Twitter
Email

90 से 180 दिनों तक के लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण के दिए निर्देश, तालाबों के ऑनलाइन ऑक्शन व हैचरी विकास पर दिया विशेष बल

जयपुर। मत्स्य विभाग की निदेशक श्रीमती संचिता बिश्नोई ने राजस्थान संपर्क पोर्टल (181)के माध्यम से विभाग से जुड़ी आमजन की शिकायतों एवं लंबित प्रकरणों की गहन समीक्षा हेतु निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विभागीय अधिकारियों को शिकायतों के सही श्रेणीकरण और समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पर विशेष जोर देने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान निदेशक श्रीमती बिश्नोई ने पोर्टल पर मॉडरेशन स्तर पर 90 से 180 दिनों से अधिक समय से लंबित शिकायतों पर सख्त रुख अपनाया और अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर इनका त्वरित समाधान करने के लिए कहा।

 परिवादियों से सीधी बातचीत, मौके पर ही दिए समाधान के निर्देश –

 निदेशक ने निरीक्षण के दौरान कई परिवादियों से सीधे दूरभाष पर संवाद कर उनकी समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना। एक परिवादी द्वारा शिकायत दर्ज कराने पर उन्होंने तुरंत संज्ञान लेते हुए संबंधित तालाब के पानी की वॉटर टेस्टिंग कराने के निर्देश जारी किए, ताकि जलीय पर्यावरण अनुकूल बना रहे और मत्स्य पालकों को नुकसान न हो।

 तालाबों का ऑनलाइन ऑक्शन और हैचरी विकास—

 श्रीमती बिश्नोई ने तालाबों और जलाशयों की ऑनलाइन ऑक्शन से संबंधित समस्याओं को प्राथमिकता से निस्तारित करने के निर्देश दिए ताकि नीलामी प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनी रहे। इसके साथ ही उन्होंने राज्य में गुणवत्तापूर्ण मत्स्य बीज उत्पादन बढ़ाने के लिए हैचरी के सुदृढ़ीकरण और विकास पर बल दिया।

 2,500 से 3,000 बांधों में रोजगार के नए अवसर –

 मत्स्य निदेशक ने बताया कि राजस्थान के लगभग 2,500 से 3,000 छोटे-बड़े बांधों एवं जल संरचनाओं में मत्स्य पालन और एक्वाकल्चर के क्षेत्र में स्वरोजगार की अपार संभावनाएं छिपी हुई हैं। उन्होंने कहा कि सही प्रबंधन, पारदर्शी ऑक्शन और हैचरी के विकास से स्थानीय ग्रामीणों व युवाओं के लिए आजीविका के नए द्वार खुल रहे हैं।

 उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के निर्देशानुसार आमजन की शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए सभी विभागों के सचिव निर्धारित तिथियों पर राजस्थान संपर्क हेल्पलाइन (181) कंट्रोल रूम में उपस्थित होकर परिवादियों से सीधे संवाद कर रहे हैं। इस पहल के माध्यम से नागरिक घर बैठे अपनी शिकायत दर्ज कर शीघ्र समाधान प्राप्त कर रहे हैं। निरीक्षण के दौरान विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं आईटी विंग के तकनीकी विशेषज्ञ उपस्थित रहे।

Rashmi Repoter
Author: Rashmi Repoter

ताजा खबरों के लिए एक क्लिक पर ज्वाइन करे व्हाट्सएप ग्रुप

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
लाइव क्रिकेट स्कोर