बिहार विधान परिषद की आठ सीटों पर होने वाले चुनाव से पहले महागठबंधन के भीतर सीटों को लेकर खींचतान सामने आ गई है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और कांग्रेस ने कुछ सीटों पर अलग-अलग उम्मीदवार उतार दिए हैं। इसके चलते चार सीटों पर दोनों सहयोगी दलों के उम्मीदवार सीधे आमने-सामने हैं।
RJD ने पहले घोषित किए थे उम्मीदवार
RJD ने आठ में से छह सीटों के लिए पहले ही अपने उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए थे। इसके बाद कांग्रेस ने भी पांच सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा की। कांग्रेस की सूची में शामिल चार सीटों पर RJD पहले ही अपने उम्मीदवार उतार चुका था।
कांग्रेस की ओर से उम्मीदवारों की घोषणा के बाद महागठबंधन के भीतर सीटों के तालमेल को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इससे पहले कांग्रेस की ओर से यह बात सामने आई थी कि RJD ने उम्मीदवारों की घोषणा से पहले सहयोगी दल से पर्याप्त बातचीत नहीं की थी।
इन चार सीटों पर RJD-कांग्रेस आमने-सामने
रिपोर्टों के मुताबिक दोनों दलों के बीच सीधा मुकाबला पटना शिक्षक, पटना स्नातक, कोसी स्नातक और दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में है। RJD ने इन सीटों पर क्रमशः डॉ. संजीव कुमार सिंह, दिलीप कुमार, नितेश कुमार और अनिल कुमार झा को उम्मीदवार बनाया है। वहीं कांग्रेस ने डॉ. संजय यादव, डॉ. असदुल्लाह खान, मनोज कुमार जायसवाल और रजनीकांत पाठक को मैदान में उतारा है।
हालांकि, दरभंगा शिक्षक सीट पर कांग्रेस के मौजूदा MLC मदन मोहन झा को फिर से उम्मीदवार बनाया गया है और वहां RJD ने प्रत्याशी नहीं उतारा है।
सीटों के तालमेल पर उठे सवाल
RJD और कांग्रेस दोनों ही महागठबंधन का हिस्सा हैं। ऐसे में सहयोगी दलों के उम्मीदवारों का एक-दूसरे के सामने चुनाव लड़ना चर्चा का विषय बन गया है। इसे लेकर गठबंधन के भीतर सीट बंटवारे और आपसी समन्वय को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
हालांकि, इन मुकाबलों को लेकर दलों के बीच अंतिम राजनीतिक समझौते या चुनावी रणनीति में आगे कोई बदलाव होता है या नहीं, यह अलग विषय है। इसलिए मौजूदा स्थिति को इन चार निर्वाचन क्षेत्रों में घोषित उम्मीदवारों के आधार पर देखा जाना चाहिए।
23 अक्टूबर को मतदान
बिहार विधान परिषद की आठ सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होना है, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना होगी। इनमें चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं।
इस चुनाव में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए अलग-अलग मतदाता सूचियां होती हैं। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में निर्धारित पात्रता पूरी करने वाले स्नातक मतदाता और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में निर्धारित पात्रता वाले शिक्षक मतदान करते हैं।
फिलहाल बिहार MLC चुनाव में RJD और कांग्रेस के अलग-अलग उम्मीदवार उतारने से महागठबंधन के भीतर सीटों के तालमेल का मुद्दा चर्चा में है। चार सीटों पर दोनों दलों के उम्मीदवार आमने-सामने होने से इन निर्वाचन क्षेत्रों का मुकाबला खास तौर पर महत्वपूर्ण हो गया है।








