उत्तर प्रदेश के वृंदावन स्थित ISKCON मंदिर परिसर में एक दर्दनाक हादसे में एक युवक की करंट लगने से मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। हादसे के बाद मृतक के परिजनों में गहरा आक्रोश है।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के अनुसार, युवक मंदिर परिसर में किसी काम या दर्शन के लिए आया था, तभी वह अचानक करंट की चपेट में आ गया। बताया जा रहा है कि यह हादसा बिजली के किसी खुले या खराब वायरिंग संपर्क में आने से हुआ। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक उसकी हालत गंभीर हो चुकी थी।
उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची।
परिवार में कोहराम, पिता का बड़ा आरोप
युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। मृतक के पिता ने इस घटना पर गहरा गुस्सा जताते हुए कहा कि यह गंभीर लापरवाही का मामला है और उन्होंने मंदिर प्रबंधन पर सवाल उठाए।
पिता ने यह भी कहा कि “हमें ISKCON मंदिर बंद करवाना है,” जिससे मामला और अधिक संवेदनशील हो गया है। उनका आरोप है कि सुरक्षा व्यवस्था ठीक नहीं थी और इसी लापरवाही के कारण उनके बेटे की जान गई।
मंदिर प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई
घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी गई है। शुरुआती जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि करंट किस कारण फैला और क्या सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं।
मंदिर प्रशासन की ओर से भी बयान आने की उम्मीद है, जबकि पुलिस ने पूरे मामले की तकनीकी जांच के आदेश दिए हैं।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस हादसे के बाद मंदिर परिसर की इलेक्ट्रिकल सुरक्षा और रखरखाव पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि धार्मिक स्थलों पर भीड़ अधिक होती है, ऐसे में सुरक्षा मानकों का पालन बेहद जरूरी है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वायरिंग और इलेक्ट्रिकल सिस्टम की नियमित जांच नहीं की जाए तो ऐसे हादसे गंभीर रूप ले सकते हैं।
इलाके में तनाव, जांच जारी
घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है। परिजन न्याय की मांग कर रहे हैं और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
निष्कर्ष
वृंदावन ISKCON मंदिर में हुआ यह हादसा न केवल एक परिवार के लिए गहरा सदमा है, बल्कि धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है। फिलहाल जांच जारी है और प्रशासन पूरे मामले की तह तक जाने की कोशिश कर रहा है।








