जकार्ता/टेर्नेट: इंडोनेशिया में गुरुवार सुबह एक बार फिर भूकंप का जोरदार झटका लगा। यूनाइटेड स्टेट्स जियोलॉजिकल सर्वे (USGS) के अनुसार, 7.4 तीव्रता का भूकंप सुबह 6:48 बजे (स्थानीय समय) आया। भूकंप का केंद्र उत्तरी मुलुक्का सागर में टेर्नेट द्वीप से करीब 127 किलोमीटर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम में था। भूकंप की गहराई 35 किलोमीटर बताई गई है।
भूकंप इतना तेज था कि टेर्नेट शहर, बिटुंग और मणाडो समेत आसपास के इलाकों में 10 से 20 सेकंड तक तेज कंपन महसूस किया गया। लोग डर के मारे घरों, दफ्तरों और अस्पतालों से बाहर सड़कों पर निकल आए। कई जगहों पर इमारतों में दरारें पड़ीं और कुछ मकान क्षतिग्रस्त हो गए।
मुख्य बातें:
- जान-माल का नुकसान: भूकंप में कम से कम 1 व्यक्ति की मौत हो गई। टेर्नेट में एक महिला मलबे में दबकर मारी गई। कम से कम 3 लोग घायल हुए हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
- सुनामी की चेतावनी: भूकंप के बाद सुनामी की चेतावनी जारी की गई थी, जिसे बाद में वापस ले लिया गया। हालांकि, कुछ छोटी सुनामी लहरें उठीं।
- नुकसान: टेर्नेट में एक चर्च और कई घरों को नुकसान पहुंचा। बिटुंग और मणाडो में भी इमारतों को हल्का से मध्यम नुकसान हुआ है।
इंडोनेशिया की आपदा प्रबंधन एजेंसी (BNPB) ने लोगों से शांत रहने और अधिकारियों की सलाह मानने की अपील की है। टीमों को नुकसान का आकलन करने के लिए भेजा गया है।
क्यों बार-बार भूकंप?
इंडोनेशिया प्रशांत महासागर की “रिंग ऑफ फायर” पर स्थित है, जहां टेक्टॉनिक प्लेट्स की सक्रियता के कारण अक्सर भूकंप और ज्वालामुखी फटने की घटनाएं होती रहती हैं।
अभी तक कोई बड़ा सुनामी या व्यापक तबाही की खबर नहीं है, लेकिन स्थानीय प्रशासन सतर्क है। बाद के झटके भी महसूस किए गए हैं।
अपडेट: स्थिति पर नजर रखी जा रही है। बचाव कार्य जारी है और मृतकों-घायलों की संख्या बढ़ सकती है।







