बिहार की राजधानी पटना में सामने आए एक सनसनीखेज मामले ने पूरे पुलिस तंत्र को हिला कर रख दिया है। मामले में खुलासा हुआ है कि कारोबारी की हत्या की पूरी साजिश Beur Jail के भीतर से रची गई थी। पुलिस जांच में सामने आया है कि इस जघन्य वारदात के लिए न सिर्फ रेकी की गई, बल्कि एक नाबालिग शूटर को मात्र 10,000 रुपये में हायर कर हत्या को अंजाम दिया गया।
जानकारी के अनुसार, इस पूरी साजिश को बेहद योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दिया गया। आरोपी गैंग ने पहले करीब 15 दिनों तक कारोबारी की गतिविधियों पर नजर रखी। उसके रोजाना आने-जाने के समय, सुरक्षा व्यवस्था और संभावित कमजोरियों की पूरी जानकारी जुटाई गई।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, वारदात के दिन इलाके में ब्लैकआउट जैसी स्थिति का फायदा उठाया गया और मौका मिलते ही कारोबारी को गोली मार दी गई। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि घायल कारोबारी को अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई।
जांच में यह भी सामने आया है कि इस पूरी योजना के पीछे जेल में बंद एक कुख्यात अपराधी का हाथ है, जिसने बाहर अपने नेटवर्क के जरिए हत्या की पूरी साजिश को अंजाम दिलवाया। पुलिस अब जेल के भीतर मौजूद संपर्कों और मोबाइल नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
इस मामले में नाबालिग की भूमिका ने पुलिस को और अधिक चिंतित कर दिया है। शुरुआती जांच में पता चला है कि उसे लालच देकर इस वारदात में शामिल किया गया था और उसे यह नहीं बताया गया था कि मामला कितना गंभीर है।
पुलिस ने कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और पूरे गैंग की कड़ियों को जोड़ने की कोशिश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस साजिश में शामिल सभी लोगों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
यह मामला एक बार फिर जेलों के भीतर चल रहे अपराध नेटवर्क और बाहर फैले गैंगस्टर सिंडिकेट पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।








