दलीप ट्रॉफी 2026 में ईस्ट जोन के लिए खेल रहे युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने गेंदबाजी में भी अपनी क्षमता दिखाते हुए शानदार प्रदर्शन किया। नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ मुकाबले में उन्होंने एक ही ओवर में 4 गेंदों के भीतर 2 विकेट झटककर मैच का रुख अपनी टीम के पक्ष में मोड़ने में अहम भूमिका निभाई। BCCI Domestic के अपडेट के मुताबिक, वैभव ने ओवर में दो विकेट हासिल किए और इसके साथ दो शानदार कैच भी लपके।
बल्ले से नहीं चला, गेंद से किया कमाल
दलीप ट्रॉफी में डेब्यू करते हुए वैभव का बल्लेबाजी प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा था। वह नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ सिर्फ 8 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी छह गेंदों की पारी में दो चौके लगाए, लेकिन इसके बाद विकेट गंवा बैठे।
इसके बाद गेंदबाजी में मौका मिलने पर युवा खिलाड़ी ने शानदार वापसी की। महज चार गेंदों के अंतर में दो विकेट निकालकर उन्होंने साबित किया कि उनका योगदान सिर्फ बल्लेबाजी तक सीमित नहीं है।
4 गेंदों में दो विकेट से बदला माहौल
वैभव के इस स्पेल ने नॉर्थ ईस्ट जोन की पारी पर दबाव बढ़ाने में मदद की। BCCI के अपडेट के अनुसार, उनके दो विकेटों के बाद नॉर्थ ईस्ट जोन का स्कोर 79/7 था।
एक ही ओवर में लगातार विकेट मिलने से ईस्ट जोन के खिलाड़ियों का उत्साह भी बढ़ा। वैभव के लिए यह प्रदर्शन इसलिए भी खास रहा क्योंकि बल्लेबाजी में जल्दी आउट होने के बाद उन्होंने गेंद से टीम के लिए प्रभाव डाला।
ईस्ट जोन की मजबूत वापसी
मुकाबले के पहले दिन ईस्ट जोन ने बल्लेबाजी में शुरुआती झटकों के बाद शानदार वापसी की। सुदीप कुमार घरामी ने 146 रन की शानदार पारी खेली, जबकि शाहबाज अहमद ने भी शतक लगाया। इन पारियों की बदौलत ईस्ट जोन ने पहली पारी में 355/6 का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
कुमार कुशाग्र ने भी उपयोगी अर्धशतक लगाया। शुरुआती विकेट जल्दी गिरने के बावजूद ईस्ट जोन के बल्लेबाजों ने साझेदारियां बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
वैभव के लिए खास रहा गेंदबाजी प्रदर्शन
वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन का उपकप्तान भी बनाया गया है। उनके लिए यह टूर्नामेंट रेड-बॉल क्रिकेट में खुद को साबित करने का महत्वपूर्ण मंच है। टूर्नामेंट के शुरुआती मुकाबले में बल्ले से बड़ा स्कोर नहीं बना पाने के बाद गेंद से दो विकेट लेना उनके लिए सकारात्मक संकेत रहा।
युवा खिलाड़ी को लंबे प्रारूप में अपनी तकनीक और धैर्य पर काम करने का मौका मिल रहा है। दलीप ट्रॉफी जैसे घरेलू टूर्नामेंट में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ खेलने से उन्हें रेड-बॉल क्रिकेट की परिस्थितियों को समझने में भी मदद मिल सकती है।
एक ही मैच में अलग-अलग अंदाज
इस मुकाबले में वैभव का प्रदर्शन उतार-चढ़ाव भरा रहा। पहले बल्लेबाजी में सिर्फ 8 रन, फिर गेंदबाजी में चार गेंदों के भीतर दो विकेट और फील्डिंग में दो कैच—यानी उन्होंने मैच में तीनों विभागों में योगदान दिया।
यही वजह है कि उनके इस प्रदर्शन की चर्चा हो रही है। हालांकि इसे पूरी तरह ऑलराउंड प्रदर्शन कहने से पहले उनके गेंदबाजी प्रदर्शन को लगातार मुकाबलों में देखना जरूरी होगा, लेकिन मौजूदा मैच में उन्होंने गेंद से अपनी उपयोगिता जरूर साबित की है।
आगे भी नजरें वैभव पर
वैभव सूर्यवंशी पहले ही कम उम्र में क्रिकेट जगत में अपनी पहचान बना चुके हैं। अब दलीप ट्रॉफी उनके लिए फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में खुद को और मजबूत करने का अवसर है।
बल्लेबाजी में शुरुआती असफलता के बाद गेंद से जोरदार वापसी ने इस युवा खिलाड़ी के प्रदर्शन में एक नया पहलू जरूर जोड़ दिया है। आने वाले मुकाबलों में उनकी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों पर नजर रहेगी।
कुल मिलाकर, दलीप ट्रॉफी में वैभव सूर्यवंशी ने बल्ले से भले ही बड़ी पारी नहीं खेली, लेकिन गेंद से 4 गेंदों में 2 विकेट और दो कैच लेकर उन्होंने जोरदार जवाब दिया। ईस्ट जोन के लिए यह प्रदर्शन मैच के अहम पलों में आया और युवा खिलाड़ी के बहुआयामी खेल की झलक दिखा गया।








