इंदौर के कनाड़िया थाना क्षेत्र में सामने आए मां-बेटी की हत्या के मामले ने लोगों को झकझोर दिया है। घटना के बाद आरोपी के 8 वर्षीय बेटे का बयान सामने आया है, जिसमें उसने पुलिस और मीडिया के सामने उस रात की घटनाओं के बारे में बताया। बच्चे के मुताबिक, घर में विवाद के बाद उसके पिता ने पहले उसकी मां पर हमला किया और फिर उसकी बहन को भी नुकसान पहुंचाया। इसके बाद दोनों बच्चों को तालाब में ले जाकर फेंक दिया गया।
बच्चे के बयान से सामने आई घटना
रिपोर्ट के मुताबिक, बच्चे ने बताया कि उसके माता-पिता के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद पिता ने उसकी मां के साथ मारपीट की। बच्चा उस पूरी घटना का गवाह बना रहा। बाद में उसकी बहन को भी तालाब में ले जाया गया।
पुलिस के मुताबिक, मामले में बच्चे का बयान जांच के लिहाज से महत्वपूर्ण है। हालांकि, बच्चे द्वारा बताई गई घटनाओं की स्वतंत्र रूप से जांच की जा रही है और पुलिस अन्य सबूतों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की पुष्टि कर रही है।
तालाब में फेंके गए दोनों बच्चे
रिपोर्टों के अनुसार, मां की हत्या के बाद आरोपी बच्चों को लेकर तालाब की तरफ गया। वहां दोनों बच्चों को पानी में फेंक दिए जाने की बात सामने आई है। इसके बाद 8 वर्षीय बच्चा किसी तरह बाहर निकलने में सफल रहा और उसने पुलिस तक घटना की जानकारी पहुंचाई।
बच्चे ने बताया कि उसने खुद को बचाने के लिए मरने का नाटक किया और तालाब के किनारे झाड़ियों का सहारा लिया। इसी दौरान वह किसी तरह बच निकला। यह जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज की।
बहन की तलाश में चला रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और रेस्क्यू टीम ने तालाब में तलाशी अभियान चलाया। कई घंटों की कोशिश के बाद बच्ची का शव बरामद किया गया। मौके से अन्य साक्ष्य भी जुटाए गए हैं।
इस घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वारदात के पीछे क्या वजह थी और घटना से पहले परिवार में किस तरह का विवाद चल रहा था।
आरोपी पुलिस की गिरफ्त में
रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां बच्चे के बयान के अलावा घटनास्थल से मिले सबूतों और अन्य तथ्यों को भी जोड़ रही हैं।
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। बच्चे का बयान मामले की अहम कड़ी माना जा रहा है, लेकिन अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने और सभी सबूतों की पुष्टि के बाद ही सामने आएगा।
मासूम ने झेला गहरा सदमा
इस पूरे मामले का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि महज 8 साल का बच्चा अपनी मां और बहन को खोने के बाद इस घटना का अहम गवाह बन गया। पुलिस और प्रशासन के सामने अब उसकी सुरक्षा और मानसिक देखभाल भी महत्वपूर्ण है।
इंदौर की इस घटना ने एक बार फिर परिवार के भीतर बढ़ते विवाद के गंभीर परिणामों को सामने ला दिया है। पुलिस अब हत्या की पूरी कड़ी, आरोपी की मंशा और घटना के पीछे की वजह की जांच कर रही है।








