मुंबई: Eknath Shinde और कथित तौर पर ढोंगी संत के रूप में चर्चित Dhongi Kharat के बीच फोन पर कई बार बातचीत होने के दावे ने महाराष्ट्र की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। इस मामले के सामने आते ही सियासी माहौल गरमा गया है और विपक्ष ने सरकार पर तीखे सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
17 बार बातचीत का दावा
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि एकनाथ शिंदे और खरात के बीच कम से कम 17 बार फोन पर बातचीत हुई है। हालांकि, इन कॉल्स की प्रकृति और विषयवस्तु को लेकर अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
विपक्ष का हमला
विपक्षी दलों ने इस मुद्दे को लेकर शिंदे सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। उनका कहना है कि एक मुख्यमंत्री का इस तरह के विवादित व्यक्ति से संपर्क होना गंभीर सवाल खड़े करता है। विपक्ष ने इस पूरे मामले की पारदर्शी जांच की मांग की है।
सरकार की प्रतिक्रिया
सरकार की ओर से अभी तक इस मामले पर स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है। हालांकि, सत्ताधारी पक्ष के कुछ नेताओं का कहना है कि बिना पूरी जानकारी के आरोप लगाना उचित नहीं है और सच्चाई सामने आने का इंतजार किया जाना चाहिए।
सियासी तापमान बढ़ा
इस खुलासे के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है, खासकर अगर इस मामले में और खुलासे होते हैं।
जांच की मांग तेज
राजनीतिक और सामाजिक संगठनों ने भी इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है, ताकि सच्चाई सामने आ सके और किसी भी तरह की गलतफहमी दूर हो सके।
निष्कर्ष:
शिंदे और खरात के बीच कथित फोन कॉल्स का मामला महाराष्ट्र की राजनीति में एक नया विवाद बनता जा रहा है। अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि इस मामले में आगे क्या खुलासे होते हैं और इसका सियासी असर कितना गहरा पड़ता है।







