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June 21, 2024 1:40 pm

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Swati Maliwal Case: 7 कहानियां आपको कोई नहीं बताएगा; केजरीवाल के PA बिभव कुमार से जुड़ीं है…..

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आम आदमी पार्टी की राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल मामले में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के निजी सचिव बिभव कुमार का नाम सामने आ रहा है। स्वाति मालीवाल ने बिभव कुमार पर ही आरोप लगाए हैं। इस बीच पूरे देश में बिभव कुमार को लेकर चर्चा तेज हो गई है कि आखिर में यह शख्स अरविंद केजरीवाल का इतना करीबी कैसे बन गया? बिभव कुमार से जुड़ी 7 ऐसी बड़ी कहानी है, जिसे हर कोई जानना चाहता है।

पहली कहानी

बिभव कुमार सासाराम से आते हैं। उन्होंने 2004 से लेकर 2006 तक पत्रकारिता का कोर्स किया। लेकिन सक्रिय मीडिया में वह नहीं आए और एक्टिविज्म का रास्ता चुना। वह 2005 में ही अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया के एनजीओ कबीर से जुड़ गए थे।

दूसरी कहानी

अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने बिभव कुमार को आरटीआई के तहत काम करने की जिम्मेदारी दी। एक न्यूज़ चैनल के आरटीआई से जुड़े अभियान को लेकर एनजीओ कबीर ने अहम भूमिका निभाई और बिभव यहां से अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया की नजरों में आने लगे।

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तीसरी कहानी

जैसे-जैसे एनजीओ के आरटीआई का काम सफल होता गया, इस दौरान बिभव कुमार दूरदर्शन पर बतौर एक्सपर्ट कार्यक्रम से जुड़ने लगे। यहां से वह और अरविंद केजरीवाल के करीब आने लगे।

चौथी कहानी

धीरे-धीरे एनजीओ कबीर ने ग्राम स्वराज का काम शुरू किया और बिभव को अहम जिम्मेदारी दी गई। संगठन अन्ना हजारे के संपर्क में आया। बस यहीं से इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन की रूपरेखा तैयार हुई और 2011 में देश में सबसे बड़ा आंदोलन भ्रष्टाचार के खिलाफ हुआ।

पांचवी कहानी

जब इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन हो रहा था, उस दौरान बिभव कुमार अरविंद केजरीवाल के सबसे करीब थे और वह लगातार उन्हें राय देते थे और उनका काम भी देखते थे।

छठी कहानी

2013 में आम आदमी पार्टी को  में जीत मिली। इस जीत के बाद अरविंद केजरीवाल से जुड़ा काम बिभव कुमार ही देखने लगे। वहीं जब 2015 में दिल्ली में आम आदमी पार्टी ने 70 में से 67 सीटें जीती, तब बिभव को मुख्यमंत्री ने अपनी कोर टीम में रखा और उन्हें अपना निजी सचिव नियुक्त कर दिया। हालांकि बाद में इस पद को उपराज्यपाल ने भंग कर दिया था लेकिन बिभव CM केजरीवाल का काम करते रहे।

सातवीं कहानी

जब अरविंद केजरीवाल शराब घोटाले मामले में तिहाड़ जेल में गए, तो उन्होंने 6 लोगों का नाम दिया जिससे वह मिल सकते हैं। इसमें बिभव कुमार का भी नाम था। ऐसे में आप समझ सकते हैं कि बिभव सीएम केजरीवाल के कितने करीबी हैं।

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