Explore

Search

July 21, 2026 6:12 pm

संसद में नहीं थमा सियासी संग्राम! मॉनसून सत्र के दूसरे दिन भी हंगामे के चलते दोनों सदनों की कार्यवाही 12 बजे तक टली

WhatsApp
Facebook
Twitter
Email

संसद के मॉनसून सत्र के दूसरे दिन भी लोकसभा और राज्यसभा में जोरदार हंगामा देखने को मिला। विपक्षी दलों के विरोध और नारेबाजी के कारण दोनों सदनों की कार्यवाही सुचारु रूप से नहीं चल सकी। लगातार बढ़ते शोर-शराबे के बीच लोकसभा अध्यक्ष और राज्यसभा के सभापति ने सदन में व्यवस्था बनाए रखने की अपील की, लेकिन हंगामा नहीं थमने पर दोनों सदनों की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी गई।

सत्र शुरू होते ही विपक्षी सांसद विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार से जवाब की मांग करते हुए वेल में पहुंच गए। नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन के चलते सदन की कार्यवाही बार-बार बाधित हुई। अध्यक्ष ने सदस्यों से अपने-अपने स्थान पर लौटने और संसदीय परंपराओं का पालन करने की अपील की, लेकिन गतिरोध बना रहा।

लोकसभा में प्रश्नकाल और अन्य निर्धारित कार्यसूची को आगे बढ़ाने की कोशिश की गई, लेकिन लगातार हो रहे हंगामे के कारण कार्यवाही नहीं चल सकी। इसी तरह राज्यसभा में भी शोर-शराबे के बीच जरूरी विधायी कार्य और अन्य एजेंडे पूरे नहीं हो पाए। आखिरकार दोनों सदनों की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी।

विपक्ष का कहना है कि वह जिन मुद्दों को उठा रहा है, उन पर सरकार को सदन में विस्तृत जवाब देना चाहिए। वहीं सरकार का पक्ष है कि संसद चर्चा के लिए सबसे उपयुक्त मंच है और विपक्ष को हंगामे के बजाय बहस में हिस्सा लेना चाहिए। सरकार ने विपक्ष से सदन की कार्यवाही चलने देने और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सहयोग करने की अपील की है।

संसद परिसर के बाहर भी राजनीतिक गतिविधियां तेज रहीं। विभिन्न विपक्षी दलों के नेताओं ने मीडिया से बातचीत में सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और अपने-अपने मुद्दों पर चर्चा की मांग दोहराई। दूसरी ओर, सत्ता पक्ष के नेताओं ने विपक्ष पर संसद का समय बर्बाद करने और महत्वपूर्ण विधायी कार्यों में बाधा डालने का आरोप लगाया।

संसदीय कार्य मंत्रालय के अनुसार, मॉनसून सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण विधेयकों और राष्ट्रीय महत्व के विषयों पर चर्चा प्रस्तावित है। ऐसे में लगातार हंगामे के कारण विधायी कार्य प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि सरकार और विपक्ष के बीच जल्द सहमति नहीं बनती, तो सत्र के आगामी दिनों में भी इसी तरह का गतिरोध देखने को मिल सकता है।

फिलहाल सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि कार्यवाही दोबारा शुरू होने पर सरकार और विपक्ष के बीच कोई सहमति बनती है या फिर संसद में सियासी टकराव का दौर आगे भी जारी रहता है।

Rashmi Repoter
Author: Rashmi Repoter

ताजा खबरों के लिए एक क्लिक पर ज्वाइन करे व्हाट्सएप ग्रुप

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
लाइव क्रिकेट स्कोर