जयपुर । राजस्थान की राजधानी जयपुर से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। शहर के आराध्य देव ठाकुर श्री गोविंद देव जी मंदिर के प्रधान महंत एवं मुख्य सेवाधिकारी महंत अंजन कुमार गोस्वामी का रविवार, 1 नवंबर 2026 को निधन हो गया। उनके आकस्मिक देवलोकगमन की खबर से जयपुर सहित देश-विदेश में रहने वाले उनके श्रद्धालुओं और अनुयायियों में शोक की लहर दौड़ गई है। धार्मिक और आध्यात्मिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण स्थान रखने वाले महंत अंजन कुमार गोस्वामी के निधन से मंदिर परिवार, संत समाज और भक्तों को गहरा आघात पहुंचा है। उनके निधन की सूचना मिलते ही मंदिर परिसर और उनके निवास स्थान पर श्रद्धांजलि देने वालों का पहुंचना शुरू हो गया।
साइलेंट हार्ट अटैक के बाद अस्पताल में ली अंतिम सांस
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रविवार दोपहर करीब 12 बजे महंत अंजन कुमार गोस्वामी की अचानक तबीयत बिगड़ गई। उन्हें साइलेंट हार्ट अटैक आया, जिसके बाद परिवार के सदस्यों और मंदिर से जुड़े लोगों ने बिना देर किए उन्हें अस्पताल पहुंचाया। उन्हें जयपुर के संतोकबा दुर्लभजी मेमोरियल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उनकी जान बचाने के लिए हरसंभव प्रयास किए। हालांकि, तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका और उन्होंने अस्पताल में ही अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर सामने आते ही मंदिर से जुड़े श्रद्धालुओं और परिचितों में शोक व्याप्त हो गया।
दशकों तक ठाकुर जी की सेवा में समर्पित रहा जीवन
महंत अंजन कुमार गोस्वामी जयपुर के धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक जीवन की एक प्रतिष्ठित शख्सियत थे। वे गौड़ीय संप्रदाय के प्रसिद्ध ठिकाना मंदिर श्री गोविंद देव जी के प्रधान महंत और मुख्य सेवाधिकारी के रूप में अपनी जिम्मेदारियां निभा रहे थे। उन्होंने लंबे समय तक पूरी श्रद्धा, निष्ठा और समर्पण के साथ ठाकुर श्री गोविंद देव जी की सेवा-पूजा की। मंदिर की परंपराओं, धार्मिक आयोजनों, उत्सवों और दैनिक व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से आगे बढ़ाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
महंत अंजन कुमार गोस्वामी का जीवन धार्मिक सेवा और आध्यात्मिक गतिविधियों को समर्पित रहा। वे अपने सरल, मिलनसार और मृदुभाषी स्वभाव के लिए भी जाने जाते थे। संत समाज के साथ-साथ आम श्रद्धालुओं के बीच भी उनका विशेष सम्मान था। मंदिर में आने वाले भक्तों और धार्मिक आयोजनों से जुड़े लोगों के साथ उनका आत्मीय व्यवहार रहा। उनके मार्गदर्शन और सेवाभाव से मंदिर की धार्मिक गतिविधियों को निरंतर दिशा मिलती रही।
शाम 4:30 बजे पुश्तैनी हवेली से निकलेगी अंतिम यात्रा
महंत अंजन कुमार गोस्वामी के पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा गया है, ताकि श्रद्धालु और परिचित उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर सकें। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, रविवार शाम 4:30 बजे जयपुर के सुभाष चौक क्षेत्र स्थित पानों के दरीबे में उनकी पुश्तैनी हवेली से अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, संत समाज के प्रतिनिधियों और शहर के गणमान्य लोगों के शामिल होने की संभावना है।
उनकी अंतिम यात्रा पानों के दरीबे स्थित पुश्तैनी हवेली से रवाना होकर जलमहल के सामने स्थित समाज बाड़ी पहुंचेगी। यहीं उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। उनके निधन की सूचना मिलने के बाद से ही बड़ी संख्या में भक्त और शुभचिंतक अंतिम दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।
धार्मिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर
महंत अंजन कुमार गोस्वामी के देवलोकगमन की खबर के बाद जयपुर के धार्मिक और सामाजिक जगत में शोक का माहौल है। शहर के गणमान्य नागरिकों, जनप्रतिनिधियों, संत-महात्माओं और विभिन्न धार्मिक संगठनों से जुड़े लोगों ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। श्रद्धालु उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं और उनके द्वारा ठाकुर जी की सेवा में दिए गए योगदान को याद कर रहे हैं।
महंत अंजन कुमार गोस्वामी का निधन जयपुर के धार्मिक समाज के लिए अपूरणीय क्षति माना जा रहा है। दशकों तक भगवान श्री गोविंद देव जी की सेवा और मंदिर की परंपराओं को आगे बढ़ाने में उनका योगदान श्रद्धालुओं के बीच हमेशा याद किया जाएगा।








