Explore

Search

July 22, 2026 2:01 am

साइबर लिटरेसी- लोगों की पहचान चुरा रहे ठग:आवाज की नकल से हो रही फेस-वॉइस क्लोनिंग, इस खतरनाक स्कैम से बचें, 10 सावधानियां बरतें

डेटा की साइबर सुरक्षा
WhatsApp
Facebook
Twitter
Email

देश में साइबर अपराध के नए-नए तरीके तेजी से सामने आ रहे हैं, जिनमें अब ठग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से लोगों की पहचान चुराने लगे हैं। हाल के मामलों में फेस और वॉइस क्लोनिंग जैसे हाई-टेक तरीकों का इस्तेमाल कर लोगों को ठगा जा रहा है। साइबर विशेषज्ञों के मुताबिक, यह स्कैम पहले से कहीं ज्यादा खतरनाक और पहचानना मुश्किल होता जा रहा है।

जानकारी के अनुसार, ठग सोशल मीडिया, वीडियो कॉल या रिकॉर्डेड ऑडियो का इस्तेमाल करके किसी व्यक्ति की आवाज और चेहरा कॉपी कर लेते हैं। इसके बाद उसी व्यक्ति की तरह बात करके उसके रिश्तेदारों, दोस्तों या बैंकिंग सिस्टम को धोखा देने की कोशिश की जाती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि अब AI टूल्स की मदद से कुछ सेकंड की आवाज या कुछ फोटो से ही वॉइस क्लोनिंग और फेस डिपफेक तैयार किए जा सकते हैं, जिससे आम लोग आसानी से धोखे में आ जाते हैं।

हाल ही में कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां लोगों को उनके ही परिचित बनकर कॉल किया गया और पैसों की मांग की गई। आवाज बिल्कुल असली जैसी होने के कारण कई लोग ठगी का शिकार भी हो गए।

साइबर ठगी से बचने के लिए 10 जरूरी सावधानियां

  1. अनजान कॉल या मैसेज पर तुरंत भरोसा न करें
  2. पैसे मांगने वाले कॉल की हमेशा अलग माध्यम से पुष्टि करें
  3. किसी भी OTP या बैंक डिटेल को किसी से साझा न करें
  4. सोशल मीडिया पर अपनी निजी जानकारी सीमित रखें
  5. वीडियो कॉल में संदिग्ध व्यवहार पर सतर्क रहें
  6. AI या फर्जी लिंक वाले मैसेज पर क्लिक न करें
  7. दोस्त या रिश्तेदार की आवाज में भी पैसे मांगने पर सावधानी बरतें
  8. टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन जरूर एक्टिव रखें
  9. एंटीवायरस और सिक्योरिटी ऐप्स अपडेट रखें
  10. किसी भी साइबर फ्रॉड की तुरंत पुलिस या साइबर सेल में शिकायत करें

कैसे हो रहा है यह नया स्कैम?

साइबर एक्सपर्ट्स के अनुसार, AI तकनीक की मदद से अब ठग किसी भी व्यक्ति की सोशल मीडिया प्रोफाइल से डेटा लेकर उसकी आवाज और चेहरे की नकल बना सकते हैं। इसके बाद वीडियो कॉल या ऑडियो मैसेज के जरिए लोगों को भ्रमित किया जाता है।

विशेषज्ञों की चेतावनी

विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि आने वाले समय में ऐसे स्कैम और बढ़ सकते हैं, इसलिए डिजिटल सतर्कता बेहद जरूरी है। लोगों को सलाह दी गई है कि किसी भी डिजिटल अनुरोध को बिना पुष्टि के स्वीकार न करें।

फिलहाल साइबर सुरक्षा एजेंसियां ऐसे मामलों पर लगातार नजर रख रही हैं और लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान भी चला रही हैं

Rashmi Repoter
Author: Rashmi Repoter

ताजा खबरों के लिए एक क्लिक पर ज्वाइन करे व्हाट्सएप ग्रुप

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
लाइव क्रिकेट स्कोर