केंद्रीय सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि जयपुर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) आधारित एक विशाल डाटा सेंटर स्थापित किया जाएगा। यह देश के सबसे बड़े डाटा सेंटर्स में से एक होगा और इसका भूमि पूजन जल्द ही किया जाएगा। साथ ही, लघु उद्योग भारती के माध्यम से 5 हजार युवाओं को एआई में विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे इस उभरती तकनीक में रोजगार के अवसर हासिल कर सकें।
यहां केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के जयपुर दौरे और डिजिफेस्ट समिट के कुछ दृश्य:
मंत्री वैष्णव मंगलवार को जयपुर में आयोजित तीन दिवसीय डिजिफेस्ट टाई ग्लोबल समिट के समापन समारोह को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा, “एआई आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। यह न केवल उद्योगों को बदल रही है, बल्कि रोजगार, शिक्षा और विकास के नए द्वार खोल रही है। जयपुर में आने वाला यह बड़ा एआई डाटा सेंटर राजस्थान को टेक्नोलॉजी हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा।”
समिट और युवा प्रशिक्षण पर फोकस डिजिफेस्ट टाई ग्लोबल समिट में देश-विदेश के टेक विशेषज्ञों, स्टार्टअप्स और उद्यमियों ने हिस्सा लिया। समिट के दौरान एआई, ब्लॉकचेन, साइबर सिक्योरिटी और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जैसे विषयों पर गहन चर्चा हुई। मंत्री ने युवाओं को एआई स्किल्स में प्रशिक्षित करने की योजना पर जोर दिया और कहा कि लघु उद्योग भारती के सहयोग से 5 हजार युवाओं को फ्री/सब्सिडाइज्ड ट्रेनिंग दी जाएगी, जिससे वे ग्लोबल जॉब मार्केट में प्रतिस्पर्धी बन सकें।
यहां एआई डाटा सेंटर और युवा प्रशिक्षण से जुड़े कॉन्सेप्टुअल दृश्य:
राजस्थान के लिए बड़ा मौका जयपुर को एआई डाटा सेंटर मिलने से राज्य में हजारों प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। यह केंद्र क्लाउड कंप्यूटिंग, मशीन लर्निंग और बड़े डेटा एनालिटिक्स के लिए इस्तेमाल होगा। राजस्थान सरकार भी इस प्रोजेक्ट के लिए जमीन और अन्य सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।






