महाराष्ट्र: महाराष्ट्र के नंदुरबार जिले के शहादा स्थित सोशल वेलफेयर र डिपार्टमेंट के हॉस्टल में रहने वाले 40 छात्र खाना खाने के बाद बीमार पड़ गए। छात्रों ने पेट दर्द, उल्टी, मतली और चक्कर आने जैसी शिकायतें कीं। स्थिति गंभीर होते देख छात्रावास प्रशासन ने तुरंत स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय प्रशासन को सूचना दी।
जानकारी मिलते ही चिकित्सा दल मौके पर पहुंचा और सभी प्रभावित छात्रों का प्राथमिक स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इनमें से 25 छात्रों की हालत को देखते हुए उन्हें नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। बाकी छात्रों का उपचार छात्रावास और स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पर किया गया। डॉक्टरों के अनुसार अधिकांश छात्रों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
घटना के बाद जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने छात्रावास के रसोईघर का निरीक्षण किया। भोजन के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं। प्रारंभिक तौर पर फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई जा रही है, हालांकि अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही बीमारी के वास्तविक कारण की पुष्टि की जाएगी।
प्रशासन ने एहतियात के तौर पर छात्रावास की रसोई और खाद्य सामग्री की जांच शुरू कर दी है। साथ ही भोजन तैयार करने और परोसने में स्वच्छता संबंधी नियमों का पालन किया गया था या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है। अधिकारियों ने कहा है कि यदि जांच में किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद छात्रों के अभिभावकों में चिंता का माहौल है। प्रशासन ने सभी अभिभावकों को स्थिति से अवगत कराया है और भरोसा दिलाया है कि प्रभावित छात्रों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और अस्पताल में भर्ती छात्रों की लगातार निगरानी की जा रही है।
फिलहाल सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि छात्रों की तबीयत आखिर किस वजह से बिगड़ी। प्रशासन ने कहा है कि रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कदम उठाए जाएंगे ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।








