आंध्र प्रदेश के प्रकाशम जिले में गुरुवार तड़के एक भयावह सड़क दुर्घटना ने पूरे राज्य को झकझोर दिया है। रायवरम के पास मार्कापुरम क्षेत्र में निजी ट्रैवल्स बस और बजरी से लदे टिपर ट्रक की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस तुरंत आग की चपेट में आ गई और पूरी बस आग का गोला बन गई। इस हादसे में 13 यात्रियों की जलकर मौत हो गई, जबकि 20 से 25 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
हादसा कैसे हुआ?
प्रकाशम जिले के मार्कापुरम मंडल में रायवरम के नजदीक खदानों (क्वारी) के इलाके में यह दुर्घटना हुई। हरिकृष्णा ट्रैवल्स की बस तेलंगाना के निर्मल से नेल्लोर की ओर जा रही थी। सुबह के समय जब बस रायवरम के पास पहुंची, तभी सामने से आ रहे बजरी लदे टिपर ट्रक से उसकी टक्कर हो गई।
टक्कर की तीव्रता इतनी अधिक थी कि बस का आगे का हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और तुरंत आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कई यात्री बस से बाहर निकल ही नहीं पाए। कुछ यात्रियों ने कूदकर अपनी जान बचाई, लेकिन कई लोग आग में फंसकर जिंदा जल गए। आग की लपटें इतनी भयंकर थीं कि आसपास के लोग भी मदद के लिए नहीं पहुंच पाए।
मरने वालों और घायलों की स्थिति
- मौत: 13 (कुछ रिपोर्ट्स में मौत की संख्या 10 से 14 तक बताई जा रही है, लेकिन अधिकांश में 13 की पुष्टि हुई है)
- घायल: 20 से 25 (कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है)
- घायलों को मार्कापुरम, Ongole और अन्य नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। कई घायलों को हैदराबाद और विजयवाड़ा रेफर किया गया है।
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू का दुख
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू ने इस दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह एक बेहद दर्दनाक घटना है। CM ने जिला प्रशासन को घायलों के उचित इलाज और मृतकों के परिजनों को तत्काल मदद पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।
प्रशासन ने मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए ट्रक व बस ड्राइवर (जो घायल है) से पूछताछ कर रही है।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
हादसे की खबर फैलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। उन्होंने बताया कि आग इतनी तेज थी कि बस को बुझाने में काफी देर लगी। कई लोगों ने कहा कि सड़क पर ट्रकों की रफ्तार अधिक होने और रात के समय ड्राइविंग के कारण ऐसे हादसे आम हो गए हैं।
सड़क सुरक्षा पर सवाल
यह हादसा आंध्र प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं की बढ़ती संख्या को फिर से उजागर करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि खनन क्षेत्रों में बजरी ट्रकों की अनियंत्रित गति और निजी बसों की लंबी दूरी की यात्रा में थके हुए ड्राइवरों के कारण ऐसे हादसे बढ़ रहे हैं।
पुलिस ने आसपास के क्षेत्र में गति नियंत्रण और सड़क सुरक्षा के उपाय सख्त करने की बात कही है।
अपडेट: मौतों की संख्या बढ़ सकती है क्योंकि कई घायलों की हालत नाजुक बनी हुई है। प्रशासन ने राहत कार्य तेज कर दिया है और मृतकों की पहचान के लिए प्रयास जारी हैं।
यह दर्दनाक घटना पूरे आंध्र प्रदेश में शोक की लहर पैदा कर रही है। मृतकों की आत्मा को शांति और घायलों को जल्द स्वस्थ होने की कामना।







