अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच चल रहे बढ़ते संघर्ष (जिसे कुछ रिपोर्ट्स में ‘ओपन वॉर’ भी कहा जा रहा है) पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। एक सवाल के जवाब में, जब उनसे पूछा गया कि क्या वे अफगानिस्तान-पाकिस्तान जंग में दखल (intervention) देंगे, तो ट्रंप ने कहा कि वे हस्तक्षेप कर सकते हैं, लेकिन पाकिस्तान के साथ उनके बहुत अच्छे संबंध हैं।
ट्रंप ने वाशिंगटन में पत्रकारों से बातचीत में कहा: “Well, I would (intervene), but I get along with Pakistan, as you know, very well. Very, very well. You have a great prime minister. You have a great general there. You have a great leader. I think two of the people that I really respect a lot, and I think that Pakistan is doing terrifically well.”
यहां ट्रंप ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को “great prime minister” और सेना प्रमुख असिम मुनीर (जिन्हें फील्ड मार्शल भी कहा जा रहा है) को “great general” और “great leader” बताकर उनकी खुलकर तारीफ की। उन्होंने पाकिस्तान को “terrifically well” करने वाला देश बताया, जो एक स्पष्ट डिप्लोमैटिक झुकाव दिखाता है।
संघर्ष का संक्षिप्त बैकग्राउंड
- हाल के दिनों में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में हवाई हमले किए, खासकर पूर्वी अफगानिस्तान (नंगरहार, कुनार, खोस्त आदि) में, जहां से पाकिस्तानी तालिबान (TTP) और ISIS जैसे आतंकी समूहों के हमले हो रहे थे।
- पाकिस्तान ने इन हमलों को आत्मरक्षा का अधिकार बताया है।
- अफगानिस्तान (तालिबान सरकार) ने जवाबी कार्रवाई की और सीमा पर झड़पें बढ़ गईं।
- इससे पहले अक्टूबर 2025 में भी दोनों देशों के बीच झड़पें हुई थीं, जिन्हें तुर्की, कतर और सऊदी अरब ने शांत कराया था, लेकिन अब तनाव फिर चरम पर है।
- अमेरिकी विदेश विभाग ने भी पाकिस्तान के “तालिबान हमलों के खिलाफ आत्मरक्षा के अधिकार” का समर्थन किया है। उप विदेश सचिव एलिसन हूकर ने पाकिस्तान के साथ बातचीत में संवेदना जताई और स्थिति पर नजर रखने की बात कही।
ट्रंप के बयान से लगता है कि अमेरिका पाकिस्तान के पक्ष में अधिक झुका हुआ है, और वे सीधे हस्तक्षेप से पहले पाकिस्तान की लीडरशिप पर भरोसा जता रहे हैं। हालांकि, उन्होंने “I would intervene” कहकर दरवाजा खुला रखा है, लेकिन पाकिस्तान के साथ अच्छे रिश्तों को प्राथमिकता दी।
यह बयान 28 फरवरी 2026 को दिया गया, और विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स (जैसे आज तक, टाइम्स ऑफ इंडिया, एनडीटीवी, हिंदुस्तान टाइम्स आदि) में इसे प्रमुखता से कवर किया गया है। स्थिति अभी तनावपूर्ण बनी हुई है, और अमेरिकी दूतावास ने पाकिस्तान में अमेरिकी नागरिकों के लिए सिक्योरिटी एडवाइजरी जारी की है।





