नई दिल्ली: रविवार को Delhi NCR और Jammu and Kashmir समेत उत्तर भारत के कई हिस्सों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में दहशत का माहौल बन गया। रिक्टर स्केल पर इस भूकंप की तीव्रता 5.9 दर्ज की गई है। झटके इतने तेज थे कि लोग घबराकर घरों और दफ्तरों से बाहर निकल आए।
भूकंप का केंद्र Hindukush क्षेत्र में बताया जा रहा है, जो Afghanistan में स्थित है। प्रारंभिक रिपोर्ट्स के अनुसार, अफगानिस्तान में इस भूकंप के कारण कम से कम 8 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। स्थानीय प्रशासन वहां राहत और बचाव कार्य में जुटा हुआ है।
भारत में भूकंप का असर खासतौर पर ऊंची इमारतों में अधिक महसूस किया गया। दिल्ली-NCR के कई इलाकों में लोग अचानक आए झटकों से घबरा गए और सुरक्षित स्थानों की ओर भागे। वहीं जम्मू-कश्मीर में भी झटकों की तीव्रता अधिक होने के कारण लोगों में भय का माहौल देखा गया।
हालांकि, भारत में फिलहाल किसी बड़े नुकसान या जनहानि की सूचना नहीं मिली है, लेकिन प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है। आपदा प्रबंधन टीमें अलर्ट पर हैं और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।
भूकंप विशेषज्ञों के अनुसार, हिंदूकुश क्षेत्र भूकंपीय दृष्टि से संवेदनशील माना जाता है और यहां अक्सर मध्यम से तेज तीव्रता के भूकंप आते रहते हैं। इस क्षेत्र में टेक्टोनिक प्लेटों की सक्रियता के कारण ऐसे झटके महसूस किए जाते हैं, जिनका असर आसपास के देशों में भी पड़ता है।
विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि भूकंप के दौरान घबराएं नहीं और सुरक्षा के नियमों का पालन करें। जैसे ही झटके महसूस हों, तुरंत खुले स्थान पर जाएं, लिफ्ट का उपयोग न करें और मजबूत फर्नीचर के नीचे शरण लें।
फिलहाल, Delhi NCR और Jammu and Kashmir में स्थिति सामान्य है, लेकिन इस घटना ने एक बार फिर लोगों को प्राकृतिक आपदाओं के प्रति सतर्क रहने की जरूरत का एहसास करा दिया है।







