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April 4, 2026 6:51 pm

बीकानेर में बर्फ जैसी सिल्लियां गिरीं, खेतों में तबाही—ईसबगोल और गेहूं फसल बर्बाद

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राजस्थान के बीकानेर जिले में अचानक बदले मौसम ने किसानों पर कहर बरपा दिया। तेज बारिश के साथ कई इलाकों में ओलावृष्टि जैसी स्थिति देखने को मिली, जहां जमीन पर बर्फ जैसी सिल्लियां गिरने से खेतों में भारी नुकसान हुआ। इस प्राकृतिक आपदा ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया और ईसबगोल तथा गेहूं जैसी प्रमुख फसलें बुरी तरह प्रभावित हुईं।

 अचानक मौसम ने बदला मिजाज

बीकानेर में मौसम सामान्य चल रहा था, लेकिन अचानक काले बादल छा गए और तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई। इसके बाद ओले गिरने लगे, जो कुछ जगहों पर बर्फ जैसी मोटी परत के रूप में जमीन पर जम गए। इस अप्रत्याशित मौसम ने ग्रामीण क्षेत्रों में अफरा-तफरी का माहौल पैदा कर दिया।

 खेतों में खड़ी फसलें हुईं बर्बाद

ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर खेतों में खड़ी फसलों पर पड़ा।

  • ईसबगोल की फसल को भारी नुकसान हुआ, जिससे किसानों को बड़ा आर्थिक झटका लगा है।
  • गेहूं की फसल भी ओलों की मार से बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे उत्पादन में भारी गिरावट की आशंका है।

कई किसानों का कहना है कि उनकी महीनों की मेहनत कुछ ही मिनटों में बर्बाद हो गई।

 किसानों की चिंता बढ़ी

इस घटना के बाद किसानों में चिंता का माहौल है। कई किसानों ने बताया कि उनकी फसल लगभग पूरी तरह नष्ट हो चुकी है और अब उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। कुछ किसानों ने सरकार से मुआवजे की मांग भी की है ताकि नुकसान की भरपाई हो सके।

किसानों का कहना है कि इस बार फसल अच्छी होने की उम्मीद थी, लेकिन अचानक हुई ओलावृष्टि ने सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

 खाने के संकट की आशंका

फसल नुकसान के चलते स्थानीय स्तर पर अनाज उत्पादन में कमी आने की आशंका जताई जा रही है। अगर स्थिति ऐसी ही बनी रही, तो आने वाले समय में किसानों के साथ-साथ आम लोगों को भी इसका असर झेलना पड़ सकता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि मौसम की इस तरह की अनिश्चितता कृषि क्षेत्र के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है।

 प्रशासन और राहत की उम्मीद

स्थानीय प्रशासन से उम्मीद की जा रही है कि वह प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कर नुकसान का आकलन करेगा और किसानों को राहत व मुआवजा प्रदान करेगा। फिलहाल ग्रामीण इलाकों में नुकसान का जायजा लिया जा रहा है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

 कुल मिलाकर, बीकानेर में हुई इस ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है। ईसबगोल और गेहूं जैसी महत्वपूर्ण फसलों के नुकसान से न सिर्फ किसानों की आजीविका प्रभावित हुई है, बल्कि क्षेत्र की कृषि अर्थव्यवस्था पर भी असर पड़ने की आशंका है।

Rashmi Repoter
Author: Rashmi Repoter

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