पिछली दो बार से रिजर्व बैंक ने रेपो रेट घटाया है जिसके बाद बैंक भी ब्याज दरों में कटौती करते हैं. यहां आपको यही बताएंगे कि अप्रैल 2025 में किन बैंकों ने अपने MCLR (Marginal Cost of Funds-based Lending Rates) को कम कर लिया है या फिर उसी लेवल पर बनाए रखा हैं. ये रेट जानना जरूरी है क्योंकि ये सीधे तौर पर आपके होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की ब्याज दरों को प्रभावित करता है.
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MCLR होता क्या है?
MCLR वो बेस रेट है जिस पर बैंक अपने फ्लोटिंग-रेट लोन की ब्याज दर तय करते हैं. यानी लोन पर ब्याज दर तय करते हैं. अगर MCLR घटती है, तो आपके लोन की EMI कम हो सकती है, अगर बढ़ती है तो आपकी EMI भी बढ़ेगी.
Bank of Baroda
कोई बदलाव नहीं किया गया
HDFC Bank
HDFC बैंक ने अपने सभी टेन्योर के लिए MCLR में 0.10% की कटौती की है
Canara Bank
कोई बदलाव नहीं किया गया
Bank of India
BOI ने भी MCLR में कोई बदलाव नहीं किया
SBI (State Bank of India)
MCLR में कोई बदलाव नहीं किया गया. लेकिन 15 अप्रैल 2025 से SBI RLLR (रिपो लिंक्ड लेंडिंग रेट) को 8.25% (25 बेसिस पॉइंट्स की कटौती) कर दिया है. EBLR (एक्सटर्नल बेंचमार्क रेट) 8.65% (25 बेसिस पॉइंट्स की कटौती). ये रेट भी आपकी EMI पर असर डालेंगी.






