स्वास्थ्य से सशक्तिकरण तक का सफर: किशोरियों के लिए आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण सफल
जयपुर/राजस्थान, 2 मार्च 2026: किशोरियों के समग्र विकास, स्वास्थ्य जागरूकता और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, “स्वास्थ्य से सशक्तिकरण तक का सफर” नामक तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम (RKSK), UNICEF और स्थानीय स्वास्थ्य एवं महिला सशक्तिकरण संगठनों के सहयोग से आयोजित किया गया था, जिसमें दर्जनों किशोरियों ने सक्रिय भागीदारी की।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किशोरियों को शारीरिक-मानसिक स्वास्थ्य, पोषण, मासिक धर्म स्वच्छता, जीवन कौशल, आत्मविश्वास निर्माण और सशक्तिकरण के विभिन्न पहलुओं पर जागरूक करना था। तीन दिनों में विभिन्न सत्रों के माध्यम से विशेषज्ञों ने किशोर स्वास्थ्य चुनौतियों जैसे एनीमिया, मानसिक स्वास्थ्य, यौन एवं प्रजनन स्वास्थ्य, और सामाजिक बाधाओं पर गहन चर्चा की। प्रतिभागी किशोरियों ने इंटरएक्टिव वर्कशॉप, ग्रुप डिस्कशन और प्रैक्टिकल एक्टिविटी में हिस्सा लिया, जिससे उन्हें न केवल जानकारी मिली बल्कि आत्म-सम्मान और निर्णय लेने की क्षमता भी बढ़ी।
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने साझा किया कि यह प्रशिक्षण उनके लिए एक परिवर्तनकारी अनुभव रहा। एक किशोरी ने कहा, “पहले हम कई विषयों पर खुलकर बात नहीं कर पाती थीं, लेकिन यहां हमें समझ आया कि स्वास्थ्य हमारा अधिकार है और इससे जुड़ी जानकारी हमें मजबूत बनाती है।” प्रशिक्षकों ने जीवन कौशल जैसे संवाद, समस्या समाधान और लक्ष्य निर्धारण पर फोकस किया, जो किशोरियों को भविष्य में बेहतर निर्णय लेने में मदद करेगा।
यह तीन दिवसीय प्रशिक्षण सफल रहा और प्रतिभागियों की क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई। आयोजकों ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों को राज्य स्तर पर नियमित रूप से आयोजित किया जाएगा ताकि अधिक से अधिक किशोरियां स्वास्थ्य से सशक्तिकरण की इस यात्रा का हिस्सा बन सकें। यह प्रयास भारत सरकार की “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” और “सुक्ष्मा” जैसी योजनाओं से जुड़ा हुआ है, जो किशोरियों के सशक्तिकरण पर जोर देती हैं।
इस सफल आयोजन से स्पष्ट है कि स्वास्थ्य जागरूकता से शुरू होकर सशक्तिकरण तक का सफर किशोरियों के लिए न केवल संभव है, बल्कि यह उनके उज्ज्वल भविष्य की नींव रखता है।






