नई दिल्ली, 7 मार्च 2026 — दक्षिण दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना घटी है, जिसने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि एक मां ने अपनी दो जवान बेटियों की हत्या की और फिर खुदकुशी की कोशिश की। यह मामला पारिवारिक कलह, खराब वैवाहिक जीवन, आर्थिक तंगी और गहरे अकेलेपन से जुड़ा हुआ प्रतीत हो रहा है।
घटना गुरुवार शाम करीब 6:10 बजे की है, जब रिश्तेदारों ने परिवार से संपर्क न होने पर पुलिस को सूचना दी। मालवीय नगर के एफ-ब्लॉक स्थित घर का दरवाजा अंदर से बंद था। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया तो एक कमरे में 33 वर्षीय बेटी का शव मिला, जिसके चेहरे पर तकिया रखा हुआ था, जबकि दूसरे कमरे में 28 वर्षीय बेटी का शव पड़ा था, जिसके गले में दुपट्टा या रस्सी लिपटी हुई थी। दोनों बहनों की मौत दम घुटने या गला घोंटने से हुई प्रतीत होती है।
तीसरे कमरे में उनकी मां (उम्र लगभग 54-55 वर्ष) बेहोश हालत में मिलीं। उन्हें तुरंत एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है और हालत गंभीर बनी हुई है। पुलिस का शक है कि मां ने पहले बेटियों की हत्या की और फिर खुद फंदा लगाकर या किसी अन्य तरीके से जान देने की कोशिश की, लेकिन वह बच गईं।
जांच में सामने आई वजहें पुलिस सूत्रों के अनुसार, मां सुनीता अरोड़ा (नाम जांच के आधार पर) लंबे समय से पति से वैवाहिक विवाद में थीं। कोविड महामारी के बाद से उनके रिश्ते और बिगड़ गए थे। पति के परिवार से असंतोष, लगातार झगड़े और भावनात्मक दूरी ने उन्हें गहरे अवसाद में धकेल दिया। आर्थिक स्थिति भी कमजोर थी — परिवार दूसरों पर निर्भर था, नौकरी या स्थिर आय की कमी थी, और किराया बकाया होने जैसी समस्याएं भी सामने आई हैं। मां अकेलेपन और निराशा से जूझ रही थीं, खासकर क्योंकि उनकी एक बेटी दिव्यांग भी थी, जिसकी देखभाल का बोझ था। पड़ोसियों ने बताया कि मां बहुत देखभाल करने वाली थीं, घर से कम निकलती थीं और बेटियों के साथ ही रहती थीं, लेकिन हाल के दिनों में उनका व्यवहार बदल गया था।
पुलिस ने कहा है कि पति ने ही रिश्तेदारों के साथ मिलकर पुलिस को सूचना दी थी। अभी मां का बयान दर्ज नहीं हो सका है, लेकिन फोरेंसिक टीम और क्राइम ब्रांच जांच में जुटी है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और अन्य सबूतों से घटना का पूरा क्रम स्पष्ट होगा।
यह घटना एक बार फिर परिवारों में बढ़ते तनाव, मानसिक स्वास्थ्य की अनदेखी और आर्थिक दबाव की गंभीर समस्या को उजागर करती है। पुलिस ने मामले में हत्या और आत्महत्या उकसाने की धाराओं में केस दर्ज किया है।






