8 जनवरी 2026: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली कैबिनेट कमेटी ऑन पार्लियामेंटरी अफेयर्स (CCPA) ने संसद के बजट सत्र की तारीखों को मंजूरी दे दी है। इसके अनुसार, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2026 को रविवार को केंद्रीय बजट 2026-27 पेश करेंगी। यह 26 साल में पहला मौका होगा जब यूनियन बजट रविवार के दिन पेश किया जाएगा। इससे पहले 1999 में यशवंत सिन्हा ने बजट रविवार को पेश किया था।
बजट सत्र का कार्यक्रम
- सत्र की शुरुआत: 28 जनवरी 2026 को राष्ट्रपति के संयुक्त सत्र में अभिभाषण से।
- आर्थिक सर्वेक्षण: 29 जनवरी 2026 को संसद में पेश किया जाएगा, जो देश की आर्थिक स्थिति का विस्तृत विश्लेषण प्रस्तुत करता है।
- सत्र दो चरणों में: पहला चरण 28 जनवरी से 13 फरवरी तक, दूसरा चरण 9 मार्च से 2 अप्रैल तक।
- बीच में ब्रेक: मंत्रालयों की मांगों की जांच के लिए स्थायी समितियों को समय देने हेतु।
ऐतिहासिक संदर्भ
- 2017 से परंपरा: बजट 1 फरवरी को पेश करने की, ताकि नए वित्त वर्ष (1 अप्रैल) से पहले प्रस्ताव लागू हो सकें। पहले 28 फरवरी को पेश होता था।
- वीकेंड पर बजट नया नहीं: निर्मला सीतारमण ने 2025 का बजट शनिवार को पेश किया। अरुण जेटली ने 2015 और 2016 में शनिवार को पेश किए।
- यह बजट: स्वतंत्र भारत का 88वां यूनियन बजट होगा।
निर्मला सीतारमण का रिकॉर्ड
इस बजट के साथ सीतारमण लगातार नौ बजट पेश करने वाली पहली वित्त मंत्री बन जाएंगी। इससे वे:
- पूर्व रिकॉर्ड धारकों के करीब पहुंचेंगी – मोरारजी देसाई ने कुल 10 बजट पेश किए (दो अलग-अलग कार्यकालों में)।
- पी. चिदंबरम (9 बजट) और प्रणव मुखर्जी (8 बजट) को पीछे छोड़ेंगी। सीतारमण 2019 से भारत की पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री हैं और मोदी सरकार के तीनों कार्यकालों में इस पद पर बनी हुई हैं।
आर्थिक पृष्ठभूमि
सरकार के पहले अग्रिम अनुमानों के अनुसार, FY 2025-26 में भारत की रियल GDP ग्रोथ 7.4% रहने का अनुमान है, जो पिछले साल के 6.5% से अधिक है। वैश्विक चुनौतियों और टैरिफ युद्ध के बावजूद यह मजबूत संकेत है। बजट की रूपरेखा इन्हीं अनुमानों पर आधारित होगी।






