Explore

Search

October 15, 2026 6:04 pm

लेटेस्ट न्यूज़

पाकिस्तान में बड़ा हादसा: स्कूल की छत गिरने से 35 की मौत, 34 मासूम बच्चों समेत महिला टीचर ने गंवाई जान

WhatsApp
Facebook
Twitter
Email

पाकिस्तान से एक बेहद दुखद हादसे की खबर सामने आई है। यहां एक स्कूल की छत गिरने से 35 लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है। मृतकों में 34 बच्चे और एक महिला शिक्षक शामिल बताए जा रहे हैं। इस घटना ने स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा और जर्जर इमारतों की स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हादसे की खबर सामने आने के बाद इलाके में शोक का माहौल है।

रिपोर्ट के मुताबिक, स्कूल की छत अचानक ढह गई, जिससे वहां मौजूद बच्चों और शिक्षक को संभलने का मौका नहीं मिला। इस तरह की घटनाएं न केवल परिवारों के लिए अपूरणीय क्षति का कारण बनती हैं, बल्कि शैक्षणिक संस्थानों की इमारतों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी ध्यान देने की जरूरत को उजागर करती हैं। हालांकि, हादसे के सटीक स्थान, समय, इमारत की स्थिति और बचाव अभियान से जुड़ी विस्तृत जानकारी की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।

पेशावर के स्कूल में हुआ हादसा, राहत-बचाव अभियान चलाया गया

यह हादसा पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत की राजधानी पेशावर के डिर कॉलोनी इलाके में स्थित अल-खैर स्कूल में हुआ। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, घटना के समय बच्चे अपनी कक्षाओं में पढ़ाई कर रहे थे। छत गिरने से कई लोग मलबे में फंस गए, जिसके बाद बचाव दलों और स्थानीय प्रशासन ने राहत कार्य शुरू किया। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई।

लेडी रीडिंग अस्पताल में घायलों के इलाज के लिए आपातकालीन व्यवस्था की गई। अधिकारियों के मुताबिक, मृत बच्चों की उम्र लगभग 13 वर्ष या उससे कम बताई गई है। घटना के बाद प्रभावित परिवारों में शोक और चिंता का माहौल है।
स्कूल की इमारत की हालत पर उठे सवाल

प्रारंभिक रिपोर्ट में स्कूल की इमारत की हालत खराब होने की बात सामने आई है। ऐसे में यह जांच का अहम विषय बन गया है कि भवन की संरचनात्मक सुरक्षा की जांच कब और कैसे की गई थी। हालांकि, छत गिरने की सटीक वजह और संभावित लापरवाही की जिम्मेदारी जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

प्रधानमंत्री ने जताया दुख, जांच के निर्देश

हादसे के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने बच्चों और अन्य लोगों की मौत पर दुख जताया। अधिकारियों को घायलों को उचित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने और घटना की जांच करने के निर्देश दिए गए। प्रांतीय प्रशासन की ओर से भी हादसे के कारणों का पता लगाने और स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा पर जोर दिया गया।

पाकिस्तान में स्कूलों की सुरक्षा पर फिर बहस

पाकिस्तान में इससे पहले भी शैक्षणिक संस्थानों और अन्य इमारतों के ढहने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। जून 2026 में लाहौर के एक निजी ट्यूशन सेंटर की छत गिरने से बच्चों की मौत हुई थी। ऐसे हादसे भवन निर्माण की गुणवत्ता, नियमित निरीक्षण और सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने की जरूरत को सामने लाते हैं।

स्कूल बच्चों के सीखने और सुरक्षित रहने की जगह होते हैं। इसलिए जरूरी है कि शैक्षणिक संस्थानों की इमारतों की नियमित जांच की जाए और किसी भी तरह की संरचनात्मक कमजोरी मिलने पर समय रहते सुधार किया जाए। पेशावर की यह घटना प्रभावित परिवारों के लिए गहरा दुख लेकर आई है और स्कूलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता को एक बार फिर रेखांकित करती है।
Rashmi Repoter
Author: Rashmi Repoter

ताजा खबरों के लिए एक क्लिक पर ज्वाइन करे व्हाट्सएप ग्रुप

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
लाइव क्रिकेट स्कोर