धौलपुर: जिले के सरमथुरा तहसील के गोलारी गांव में धौलपुर-करौली टाइगर सेंचुरी प्रोजेक्ट के विरोध में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। मंगलवार को गोलारी के ताल पर आयोजित एक संक्षिप्त पंच पटेलन बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि इस टाइगर सेंचुरी के फैसले को सरकार द्वारा रद्द किया जाए। इस मांग को और मजबूती देने के लिए बुधवार, 18 सितंबर 2025 को गोलारी ग्राम पंचायत के हनुमान मंदिर पर एक विस्तृत सर्वजातीय महापंचायत का आयोजन किया जाएगा।
यह संक्षिप्त बैठक रामसहाय पटेल की अध्यक्षता में संपन्न हुई, जिसमें क्षेत्र के प्रमुख किसान नेताओं और पंच पटेलन ने हिस्सा लिया। बैठक में भरतपुर के किसान नेता मोहन सिंह गुर्जर, अलवर के किसान नेता वीरेंद्र मोर, रामेश्वर दयाल खिन्नोट, सीताराम सरपंच, हिंदू रमजी पटेल, भरत सिंह, गोपाल चेची, भूरी सिंह, रामदयाल, पूर्व सरपंच मालू सिंह, भबूती सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज की।
बैठक में स्थानीय लोगों ने टाइगर सेंचुरी प्रोजेक्ट के कारण होने वाली संभावित समस्याओं, जैसे कि कृषि भूमि और आजीविका पर पड़ने वाले प्रभाव, पर चिंता जताई। सभी ने एक स्वर में सरकार से इस परियोजना को रद्द करने की मांग की। कल होने वाली महापंचायत में इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा और आगे की रणनीति तय की जाएगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह प्रोजेक्ट क्षेत्र की आजीविका और पर्यावरणीय संतुलन पर गहरा प्रभाव डाल सकता है। इस महापंचायत में क्षेत्र के सभी समुदायों के लोगों के शामिल होने की उम्मीद है, जो इस मुद्दे को और प्रभावी ढंग से सरकार तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे।






