रोहित शेखर की मौत के मामले में पत्नी अपूर्वा की जमानत याचिका खारिज

 


नई दिल्ली। दिल्ली की साकेत कोर्ट ने नारायण दत्त तिवारी के बेटे रोहित शेखर की मौत के मामले की आरोपित और रोहित शेखर की पत्नी अपूर्वा शुक्ला की जमानत याचिका खारिज कर दी है। एडिशनल सेशंस जज संदीप यादव ने कहा कि अभी कई गवाहों के बयान दर्ज होने बाकी हैं और इन गवाहों के प्रभावित होने की आशंका है, इसलिए जमानत नहीं दी जा सकती है।

कोर्ट ने कहा कि अभी बहुत से गवाहों और पीड़ित परिवार के सदस्यों के बयान दर्ज होने बाकी हैं। अपूर्वा शुक्ला भी उसी परिवार की सदस्य हैं, ऐसे में वो गवाहों को प्रभावित कर सकती हैं। कोर्ट ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज में अपूर्वा को अंतिम बार मकान की पहली मंजिल पर जाते देखा गया है जहां रोहित शेखर की हत्या की गई। अपूर्वा शुक्ला के खिलाफ हत्या का आरोप है जो कि काफी गंभीर है।

सुनवाई के दौरान अपूर्वा शुक्ला की ओर से वकील महमूद प्राचा ने कहा कि इस मामले में 11 गवाहों को बयान दर्ज हो चुके हैं। ऐसे में आरोपित की ओर से किसी गवाह को प्रभावित करने की संभावना नहीं है। उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस ने रोहित शेखर की मां को बताया कि किसने हत्या की है। इसलिए उनके बयान को भरोसेमंद नहीं माना जा सकता है।

सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस की ओर से वकील एलडी सिंह ने जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि रोहित शेखर की खराब हालत के बावजूद आरोपित ने पुलिस को सूचना नहीं दी। उन्होंने कहा कि आरोपित के बयानों के मुताबिक वह रोहित शेखर के साथ रात 12 बजे से लेकर 3 बजे तक थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक रोहित शेखर की मौत इसी समय के दरम्यान हुई थी।

अपूर्वा करीब डेढ़ साल से से जेल में बंद है। साकेत कोर्ट ने 22 जुलाई 2019 को क्राइम ब्रांच की ओर से दाखिल चार्जशीट पर संज्ञान लिया था। 18 जुलाई 2019 को क्राइम ब्रांच ने चार्जशीट दाखिल किया था। चार्जशीट में अपूर्वा को मुख्य आरोपित बनाया गया है । क्राइम ब्रांच ने 518 पेजों की चार्जशीट दाखिल किया है। पुलिस के मुताबिक अपूर्वा को अपने पति पर शक था कि उसका शादी से अलग एक बच्चा है। अपूर्वा को आशंका थी कि रोहित के बच्चे को भविष्य में जायदाद का बड़ा हिस्सा मिल सकता है। अपूर्वा अपने पति के रवैये से परेशान थी। अपूर्वा ने शादी के कुछ दिन बाद ही रोहित का घर छोड़ दिया था। लेकिन कुछ दिनों के बाद जब दोनों में बातचीत हुई तो वो वापस लौट आई थी। वापस लौटने के बावजूद रोहित और अपूर्वा के बीच मनमुटाव बढ़ता ही गया। क्राइम ब्रांच ने चार्जशीट में घर में मौजूद लोगों के बयान और घर में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को साक्ष्य के रुप में पेश किया है।

आपको बता दें कि रोहित शेखर की मौत 15 और 16 अप्रैल 2019 की दरम्यानी रात को हुई थी। उनकी पत्नी अपूर्वा सुप्रीम कोर्ट में बतौर वकील हैं। अपूर्वा को दिल्ली पुलिस ने 24 अप्रैल 2019 को गिरफ्तार किया था। रोहित शेखर ने अपने पिता एनडी तिवारी को अपना जैविक पिता साबित करने के लिए कानूनी लड़ाई भी लड़ी थी।

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