इस बार गणतंत्र दिवस समारोह में राजपथ पर कुल 32 झांकियां की जाएंगी प्रदर्शित, देखें

 


नई दिल्ली। गणतंत्र दिवस समारोह में इस बार कुल 32 झांकियां प्रदर्शित की जाएंगी जिसमें से 17 राज्यों एवं केन्द्र शासित प्रदेशों की और 15 केन्द्र सरकार के मंत्रालयों एवं विभागों से जुड़ी होंगी। मुख्य आकर्षण के तौर पर इस बार उत्तर प्रदेश की राममंदिर, श्रम कानूनों में सुधार और कोविड वैक्सीन विकास से जुड़ी झांकी रहेगी।

दिल्ली कैंट में रंगशाला शिविर में शुक्रवार को आयोजित प्रेसवार्ता में रक्षा विभाग के जनसंपर्क अधिकारी नांपीबाउ मरीनमई ने इस बार प्रदर्शित होने वाली झाकियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 300 से ज्यादा कलाकार इस दौरान गणतंत्र दिवस में शामिल होंगे। सभी कलाकारों का कोरोना टेस्ट कराया गया है। टेस्ट रिपोर्ट के नकारात्मक आने पर ही कलाकारों को समारोह में शामिल किया जाएगा।

इस बार कोरोना के दिशा-निर्देशों के साथ पूरा आयोजन होगा। पिछली बार के मुकाबले दर्शकों की संख्या सीमित रखी गई है। इसे डेढ़ लाख से घटाकर 25 हजार किया गया है जबकि झाकियों की संख्या में इजाफा किया गया है।

रक्षा विभाग के जनसंपर्क अधिकारी के अनुसार दी गई जानकारी के अनुरूप इस बार 15 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों की झाकियां दिखाई जाएंगी। लद्दाख (भविष्य की दृष्टि), पंजाब (श्री गुरु तेग बहादुर जी का 400 वां प्रकाश वर्ष), दिल्ली (पुर्नविकास), उत्तर प्रदेश (सांस्कृतिक धरोहर : अयोध्या), उत्तराखंड (केदारनाथ),  गुजरात (सूर्य मंदिर, मोढेरा), छत्तीसगढ़ (लोक-संगीत का वाद्य-वैभव), महाराष्ट्र (राज्य के संत), आंध्र प्रदेश (लेपाक्षी- वास्तुशिल्प अखंड चमत्कार), कर्नाटक (विजयनगर), केरल ( नारियल जटा), तमिलनाडु (शोर मंदिर व पल्लव वंश के अन्य स्मारक), पश्चिम बंगाल, (सबुज साथी योजना), असम (चाय की प्रजातियां), त्रिपुरा (पर्यावरण हितेषी आत्मनिर्भरता), सिक्किम (पंग लबसोल उत्सव), और अरुणाचल प्रदेश (पूर्व पश्चिम से मिलता है) ।

राज्यों के साथ 9 मंत्रालयों एवं विभागों की झांकियां हैं। श्रम मंत्रालय इस बार 44 कानूनों को चार संहिता में बदलकर किए गए श्रम कानूनों में सुधार को दर्शाएगा। बॉयोटेक्सनोलॉजी विभाग आत्मनिर्भर भारत के तहत कोविड से जुड़े शोध कार्यक्रमों और वैक्सीन विकास से जुड़ी झांकी प्रदर्शित करेगा। छह झांकिया रक्षा मंत्रालय से जुड़ी होगी। इसके अलावा जिन झांकियों को शामिल किया गया है वह इस प्रकार हैं। इलेक्ट्रॉनिकी व सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (डिजीटल भारत, आत्मर्निभर भारत),  दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (एक देश-एक सांकेतिक भाषा), आयुष मत्रालय (ओजो भारत, तेजो भारत), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (मानवीय संवेदनशीलता के साथ एक पेशेवर बल), सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ( न्यू इंडिया), केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (अमर जवान) संस्कृति मंत्रालय (आजादी के 75 वर्ष)।

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