विपक्ष ने लगाए इमरान सरकार पर भारत से सांठगांठ करने का आरोप, पाकिस्तानी अखबारों की खबरें

 


नई दिल्ली। पाकिस्तान से बुधवार को प्रकाशित अधिकांश अखबारों ने विपक्षी दलों के संयुक्त मोर्चा पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट (पीडीएम) के जरिए चुनाव आयोग के बाहर दिए गए धरने की खबर काफी प्रमुखता से प्रकाशित की है। धरने में शामिल पीडीएम नेताओं ने इमरान खान सरकार से विदेशी फंडिंग मामले की जांच जल्द से जल्द कराने की मांग की है। विपक्षी दल के नेताओं ने इमरान खान पर यहूदी सरकार और भारत सरकार से सांठगांठ करने और उनसे पैसे लेने का भी आरोप लगाया है। दूसरी तरफ इमरान सरकार के सूचना प्रसारण मंत्री शिबली फराज़ और गृहमंत्री शेख रशीद का बयान छापा गया है जिसमें उन्होंने दावा किया है कि पीडीएम का चुनाव आयोग के सामने दिया गया धरना फ्लॉप शो साबित हुआ है। अखबारों में उनका बयान छापते हुए कहा है कि अगर यही हाल रहा तो पीडीएम के लांग मार्च का भी हम स्वागत करेंगे।

अखबारों ने पाकिस्तान सरकार के मंत्रिमंडल की बैठक के हवाले से यह खबर प्रकाशित की है कि सरकार ने ब्राड शीट मामले में पांच सदस्यीय जांच कमेटी गठित किए जाने का फैसला लिया गया है। कमेटी का अध्यक्ष सुप्रीम कोर्ट या हाईकोर्ट का कोई रिटायर्ड जज बनाया जाएगा। कमेटी से 45 दिन में अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपने को कहा जाएगा। अखबारों ने पाकिस्तान में महंगाई के खिलाफ आम जनता के सड़कों पर उतरने की भी खबर दी है। लाहौर में लोगों ने सड़कों पर उतर कर सरकार के खिलाफ हाथों में प्लेकार्ड लेकर प्रदर्शन किया है और गाड़ियों के टायर जलाकर भी अपने गुस्से का इजहार किया है।

पाकिस्तान में बेतहाशा बढ़ रही महंगाई से वहां की जनता पूरी तरह से त्रस्त है। इसके बावजूद सरकार ने एक महीने में वहां पर दो बार पेट्रोलियम उत्पादों के दामों और बिजली के दामों में वृद्धि करने का फ़ैसला लिया है। यह सभी खबरें रोजनामा औसाफ, रोजनामा जिन्नाह, रोजनामा नवाएवक्त, रोजनामा जंग, रोजनामा खबरें, रोजनामा पाकिस्तान ने अपने पहले पृष्ठ पर प्रकाशित की है।

रोजनामा औसाफ ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी का बयान प्रकाशित किया है जिसमें उन्होंने कहा है कि भारत की मोदी सरकार अपने राजनीतिक हितों को साधने के लिए कुछ भी कर सकती है। उन्होंने कहा है कि जो ताजा मामला एक टीवी एंकर की चैट को लेकर सामने आया है, उसको देखते हुए यही कहा जा सकता है कि नई दिल्ली में बैठी सरकार अपने राजनीतिक मकसद को हासिल करने के लिए झूठ और फरेब का भी सहारा ले सकती है। उन्होंने दुनिया के देशों का आह्वान किया है कि पूरे क्षेत्र में अमन सलामती के लिए कश्मीर समस्या के समाधान के लिए भारत पर शिकंजा कसें। अखबार ने लिखा है कि भारत के इस तरह के गैर जिम्मेदाराना व्यवहार के कारण क्षेत्र में कभी भी तनाव और जंग जैसे हालात पैदा हो सकते हैं।

रोजनामा पाकिस्तान ने फेडरल बोर्ड ऑफ रेवेन्यू के हवाले से एक खबर प्रकाशित की है। इस खबर में बताया गया है कि पाकिस्तान सीमा पार व्यापार में 111वें स्थान पर आ गया है जबकि इससे पहले पाकिस्तान 142वें स्थान पर था। अखबार का कहना है कि पाकिस्तान के सीमा पार व्यापार में काफी बेहतरी आई है और पाकिस्तान ने इस क्षेत्र में काफी लंबी छलांग लगाई है। अखबार का कहना है कि सीमा पार व्यापार में पाकिस्तान का ग्राफ काफी अच्छा हुआ है। इससे पाकिस्तान के आर्थिक हालात में सुधार होने के सबूत मिलते हैं।

यह खबर भी पढ़े: राजस्थान में तीन महीने में 4 विधायकों का निधन, सत्तारूढ़ कांग्रेस के सामने अब 4 सीटों पर उपचुनाव की चुनौती

रोजनामा नवाएवक्त ने पाकिस्तान में चीन के राजदूत नूंग रूंग की पाकिस्तान के सेक्रेटरी प्लानिंग मतहर नयाज से मुलाकात की खबर प्रकाशित की है। इस मुलाकात के दौरान चीनी राजदूत ने कहा है कि सीपैक प्रोजेक्ट की वजह से पाकिस्तान को काफी आर्थिक फायदा आने वाले समय में होने वाला है। अखबार ने लिखा है कि चीनी राजदूत ने यह भी कहा है कि पाकिस्तान में होने वाली बिजली की लोड शेडिंग की समस्या में भी काफी सुधार आने वाले समय में देखने को मिलेगा। इस प्रोजेक्ट से दोनों मुल्कों के बीच द्विपक्षीय व्यापार में भी काफी वृद्धि होगी। अखबार ने कहा है कि चीनी राजदूत ने इस कॉरिडोर के चल रहे निर्माण कार्य पर संतोष व्यक्त किया है।

From around the web