Google और Amazon पर फ्रांस की सीएनआईएल ने लगाया 16.3 करोड़ डॉलर का लगा जुर्माना, जानिए वजह

 


नई दिल्ली। फ्रांस में डेटा निजता की निगरानी करने वाली संस्था सीएनआईएल ने गूगल पर 10 करोड़ यूरो (12.1 करोड़ डॉलर) और अमेज़न पर 3.5 करोड़ यूरो (4.2 करोड़ डॉलर) का जुर्माना लगाया है। दोनों पर ये जुर्माना देश के विज्ञापन कूकीज नियमों का उल्लंघन करने के लिए लगाया गया है। 

नेशनल कमीशन ऑन इंफोर्मेटिक्स एंड लिबर्टी (सीएनआईएल) ने एक बयान में कहा कि दोनों कंपनियों की फ्रांसीसी वेबसाइट ने इंटरनेट उपभोक्ताओं से विज्ञापन उद्देश्यों के लिए ट्रैकर्स और कूकीज को पढ़ने की पूर्वानुमति नहीं ली। ये कूकीज और ट्रैकर्स व्यक्ति के कंप्यूटर में खुदबखुद सहेज ली जाती हैं। 

CNIL ने अपने बयान में कहा कि गूगल और अमेज़न उपभोक्ताओं को यह बताने में भी विफल रहीं कि वे इस काम के लिए इन कूकीज का उपयोग करेंगी और किस तरह उपभोक्ता इनके लिए मना कर सकते है। इसके साथ CNIL ने बताया कि दोनों ही कंपनियों ने सितंबर के महीने में अपनी वेबसाइट में कुछ बदलाव किए थे। जो कि फ्रांस के नियमों के हिसाब से ना काफी थे। 

CNIL का आरोप कूकीज से कमाया मुनाफ़ा- फ्रांस की संस्था सीएनआईएल ने गूगल पर आरोप लगाते हुए कहा कि, उसने कूकीज की मदद से जो डेटा इकट्ठा किया था। उसके जरिए गूगल ने अनुचित तरीके से कमाई की है। जिसका सीधा असर करीब 50 मिलियन यूजर्स पर हुआ है। वहीं सीएनआईएल ने कहा कि जुर्माने की राशि नियमों के उल्लंघन के मुताबिक सटीक है। 

गूगल, अमेज़न की मिली तीन महीने की मोहलत
सीएनआईएल ने गूगल और अमेज़न को तीन महीने का समय दिया है। जिसमें इन दोनों कंपनियों को अपने काम के तरीकों में बदलाव करना होगा और यूजर्स को बताना होगा कि, वह किस तरह से कूकीज के लिए मना कर सकते है। सीएनआईएल के मुबातिक निर्धारित समय सीमा में यदि दोनों कंपनियां ठोस कदम नहीं उठाती है।  तो उनके उपर प्रति दिन के हिसाब से 121,095 अमेरिकी डॉलर का जुर्माना लगाया जाएगा। 

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