प्रदेश के फायदे की रिफाइनरी को केन्द्र से मिली मंजूरी, एचपीसीएल के साथ कम्पनी गठन का करार मांगो को लेकर 22 अगस्त को बैंककर्मियों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल वन्य जीवों के प्रजनन हेतु माकूल है नाहरगढ़ बॉयोलॉजिकल पार्क कानून व्यवस्था को मुद्दा बनाकर कहा, भाजपा सरकार में संगठित तरीके से हो रहा अपराध बार्सिलोना में मौंत बनकर दौड़ी वैन, दो की मौत उदयपुर में बनेगा विश्वस्तरीय बर्ड पार्क, होगा पर्यटन एवं शोध के केन्द्र के रूप में विकसित मलाला को ऑक्‍सफोर्ड विश्वविद्यालय में मिला दाखिला वैज्ञानिकों ने पौधे से बनाया पोलियो वायरस को खत्म करने का टीका प्रधानमंत्री ने नीति आयोग द्वारा अयोजित “चैंपियंस ऑफ़ चेंज” पहल पर युवा उद्यमियों को संबोधित किया राजस्थान डिजिफेस्ट कोटा-2017 शुरू, दिखा आईटी प्रतिभाओं का महाकुम्भ अफस्पा के खिलाफ 16 साल जंग करने वाली ने रचाया विवाह जयपुर में ऑनलाइन होंगे सभी 151 वाहन प्रदूषण जांच केन्द्र सुप्रीम कोर्ट में CBI का जवाब अगले हफ्ते: राजीव गांधी हत्याकांड हिजबुल मुजाहिदीन को अमेरिका ने विदेशी आतंकवादी संगठन किया घोषित, पाकिस्तान है नाराज शरीफ और उसके बेटों के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच होगी, समन भेजा बाइक सवार बदमाशों ने दिन दहाड़े युवती की गोली मारकर हत्या, आरोपी फरार पद्म पुरस्कारों के लिए अब होंगे ऑनलाइन आवेदन, नहीं चलेगी कोई सिफारिश: PM मोदी जब तक किसान खुशहाल नहीं होगा, नये भारत का निर्माण नहीं होगा : राजनाथ सिंह मेरी सहमति के बिना कोरियाई प्रायद्वीप में युद्ध नहीं होगा : मून ममता बनर्जी की अकड़ कायम, TMC ने मारी निकाय चुनावों में बाजी
अपने ही बाप से ड़र रहे अखिलेश यादव, जानिए क्यों ?
sanjeevnitoday.com | Thursday, January 12, 2017 | 03:52:16 AM
1 of 1

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के चीफ मिनिस्टर अखिलेश यादव को इस बात का डर सता रहा है कि पार्टी तोड़ने की साजिश करने वालों के बहकावे में आकर अगर उनके पिता मुलायम सिंह यादव यूटर्न मार लेते हैं तो विधानसभा की उफनती चुनावी धारा में उनकी नैया बुरी तरह डगमगा सकती है। इसलिए अखिलेश मार्च तक के लिए एसपी के नेशनल प्रेसिडेंट की पोस्ट मुलायम सिंह यादव को नहीं देने पर अड़े हुए हैं। ईटी को यह बात चीफ मिनिस्टर के एक करीबी सूत्र ने बताई। अखिलेश के एक करीबी सूत्र ने पहचान जाहिर नहीं करने की शर्त पर ईटी को बताया, 'अखिलेश को अपने पिता पर विश्वास हो या न हो, अमर सिंह जैसे साजिशकर्ताओं पर आगे भी नुकसान पहुंचाने की हरकत करने का पूरा विश्वास है।' उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह के नेशनल प्रेसिडेंट बनने पर मुलायम सिंह से कुछ भी लिखवा लेने की साजिशकर्ताओं में क्षमता है। अखिलेश यह पोस्ट न छोड़कर और किसी भी झांसे में न आकर यह तय करना चाहते हैं कि कैंडिडेट को फॉर्म ए और बी के जरिए पार्टी का निशान अलॉट करने का अधिकार उनके पास रहे।

अधिकार उनसे वापस लेने का ऑर्डर जारी
सूत्र ने कहा, 'तब क्या होगा, अगर अखिलेश मुलायम के ऑफर पर राजी हो जाते हैं और नैशनल प्रेजिडेंट पोस्ट छोड़ देते हैं और कल को मुलायम साजिशकर्ताओं के बहकावे में आकर कैंडिडेट तय करने का अधिकार उनसे वापस लेने का ऑर्डर जारी कर देते हैं। हम ऐसा होने नहीं दे सकते। अखिलेश यह लिखित में देने को तैयार हैं कि वह चुनाव के बाद पार्टी प्रेजिडेंट की पोस्ट छोड़ देंगे।' पार्टी में चल रही खींचतान से बेफिक्र अखिलेश को इस बात का पूरा भरोसा है कि अगर चुनाव आयोग उनकी पार्टी का निशान साइकिल फ्रीज कर देता है तो उनका चेहरा उससे बड़ा निशान होगा। माना जा रहा है कि यूपी के सीएम अखिलेश इसी हफ्ते कांग्रेस पार्टी, अजित सिंह के आरएलडी, आरजेडी और जेडीयू के साथ महागठबंधन कर सकते हैं और सोमवार से चुनाव प्रचार का अभियान शुरू कर सकते हैं। दूसरी तरफ मुलायम सिंह यादव ने पार्टी पर अपनी पकड़ में आ रही कमजोरी को भांपते हुए बुधवार को पार्टी कार्यकर्ताओं के एक समूह के सामने इमोशनल कार्ड खेला। मुलायम ने कहा कि उन्होंने अखिलेश के लिए सब कुछ त्याग दिया, यहां तक कि उनको राज्य का अगला सीएम नामित कर दिया। 

भावनाओं में बहते मुलायम...
जब अखिलेश दो साल के थे, तब वह पहली बार जेल गए थे। मुलायम ने कहा कि उन्होंने पार्टी खड़ी की और उसको मजबूत बनाया। मुलायम ने बीजेपी प्रेसिडेंट अमित शाह की तरफ इशारा करते हुए रामगोपाल यादव पर एक विपक्षी दल के प्रेसिडेंट से तीन बार मुलाकात करने और उनके सामने अपने बेटे-बहू को एक सीबीआई केस में बचाने के लिए गिड़गिड़ाने को लेकर हमला बोला। उन्होंने रामगोपाल पर चुनाव आयोग से मोटरसाइकिल का निशान और पार्टी का नया नाम अखिल भारतीय समाजवादी पार्टी मांगने का आरोप लगाते हुए कहा कि वे पार्टी तोड़ने की साजिश कर रहे हैं जिसको वह कामयाब होने नहीं देंगे। मुलायम के करीबी एमएलए ने ईटी को बताया, 'अखिलेश के कुछ करीबी उनको फुला रहे हैं कि वह मुलायम के बिना चुनाव जीत सकते हैं। अखिलेश को यह नहीं भूलना चाहिए कि कोर यादव वोटर मुलायम की इज्जत करता है और पार्टी टूटने पर उनको ही वोट देगा, जिससे बीजेपी को फायदा हो जाएगा।'

यह भी पढ़े: वेश्यावृति के धंधे की ये सच्चाई जान हैरान रह जायेंगे आप

यह भी पढ़े: 7 साल के इस बच्चे के मुंह से डॉक्टरों ने निकाले 80 दांत!

यह भी पढ़े: क्राइम ! प्रेमी नौकर के साथ बेड पर थी बहु तभी आ गयी सास और फिर...प्राइवेट पार्ट

यह भी पढ़े: मां के लिए ठुकराई गिफ्ट में मिली BMW कार...जानें क्यों?



FROM AROUND THE WEB

0 comments

Most Read
Latest News
© 2015 sanjeevni today, Jaipur. All Rights Reserved.